बिलासपुर (ईएमएस)। मकर संक्रांति पर्व पर होने वाली पतंगबाजी को लेकर शासन ने प्रतिबंधित चाइनीज मांझे के उपयोग और बिक्री पर सख्ती शुरू कर दी है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की अध्यक्षता में हुई बैठक के बाद राज्यभर में इसके कड़ाई से पालन के निर्देश जारी किए गए हैं। इसी क्रम में कलेक्टर संजय अग्रवाल और नगर निगम आयुक्त प्रकाश कुमार सर्वे के निर्देश पर नगर निगम ने पर्यावरण संरक्षण मंडल के क्षेत्रीय कार्यालय के साथ संयुक्त कार्रवाई करते हुए शहर में पतंग दुकानों का औचक निरीक्षण किया। टीम ने तेलीपारा, गोल बाजार, सदर बाजार सहित प्रमुख बाजार क्षेत्रों में स्थित दस पतंग दुकानों की जांच की। निरीक्षण के दौरान दुकान संचालकों को स्पष्ट रूप से हिदायत दी गई कि वे चाइनीज धागे से बने मांझे का विक्रय न करें। अधिकारियों ने चेतावनी दी कि प्रतिबंधित मांझा बेचते पाए जाने पर संबंधित दुकानदारों के खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। सडक़ पर चलने वाले राहगीर व पक्षियों को खतरा अधिकारियों ने बताया कि चाइनीज मांझे के उपयोग से पक्षियों और आम नागरिकों को गंभीर नुकसान पहुँचता है। पतंगबाजी के दौरान पक्षी इसमें उलझकर घायल हो जाते हैं और कई मामलों में उनकी मृत्यु तक हो जाती है। वहीं सडक़ पर चलने वाले राहगीर भी इससे घायल होते रहे हैं। निरीक्षण के दौरान कुछ दुकानों में सिंगल यूज प्लास्टिक पाए जाने पर नगर निगम की टीम ने 11 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया। मनोज राज/योगेश विश्वकर्मा 14 जनवरी 2026