राष्ट्रीय
18-Jan-2026


-जिन उम्मीदवारों ने अब तक चुनाव खर्च का ब्योरा नहीं दिया उन पर होगा एक्शन जयपुर,(ईएमएस)। पिछले पंचायत चुनाव में खर्चे का ब्योरा नहीं देने वाले पंच-सरपंचों के दोबारा चुनाव लड़ने पर रोक लग सकती है। राज्य चुनाव आयोग ऐसे उम्मीदवारों की सूची मंगाने के लिए जिला कलेक्टरों के दिशा-निर्देश जारी कर सकता है। आयोग के नियमों के मुताबिक चुनाव लड़ने वाले सभी उम्मीदवारों को खर्च का विवरण देना जरुरी है। ऐसा नहीं करने पर तीन साल तक चुनाव लड़ने पर रोक लग सकती है। प्रदेश में मार्च-अप्रैल में पंचायती राज चुनाव होना हैं। हाल ही में आयोग ने चुनावी खर्च सीमा भी बढ़ा दी है। बता दें साल 2020 में 21 जिलों की 636 जिला परिषद सदस्यों व 4371 पंचायत समिति सदस्यों के लिए चुनाव कराए गए थे। पंचायत समिति सदस्य के लिए 12,663 व जिला परिषद सदस्य के लिए 1778 प्रत्याशियों ने चुनाव लड़ा था। राज्य चुनाव आयोग के सूत्र बताते हैं कि उस चुनाव में जिन उम्मीदवारों ने रिजल्ट आने के बाद खर्च का ब्योरा नहीं दिया है, उनकी सूची तैयार की जाएगी। नियमानुसार जिला परिषद, पंचायत समिति सदस्य, मुखिया, सरपंच, पंच और वार्ड सदस्य पद के लिए चुनाव लड़ने वाले हर प्रत्याशियों को रिजल्ट जारी होने के 15 दिनों के अंदर अपने खर्च का विवरण आयोग को देना होता है। अनुमान है कि हजारों उम्मीदवारों ने यह ब्योरा नहीं दिया। अब आयोग जिला निर्वाचन अधिकारियों को जल्द ही ऐसे उम्मीदवारों की सूची तैयार करने के लिए आदेश जारी कर सकता है। जिला निर्वाचन अधिकारी यह सूची आयोग को भेजेंगे। इसके बाद चुनाव आयोग ही यह तय करेगा कि चुनावी खर्च नहीं बताने वालों पर क्या कार्रवाई की जाए। नियमानुसार आयोग तीन साल तक चुनाव लड़ने की पाबंदी लगा सकता है। सिराज/ईएमएस 18जनवरी26