बालाघाट (ईएमएस). माध्यमिक शिक्षा मंडल मध्यप्रदेश भोपाल की फरवरी माह में आयोजित होने वाली कक्षा 10 वीं एवं 12 वीं बोर्ड परीक्षाओं की तैयारी और व्यवस्थाओं को लेकर 29 जनवरी को मंडल की अध्यक्ष एवं सचिव स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से निर्देश दिये गए। वीसी में कलेक्टर मृणाल मीना, जिपं सीईओ अभिषेक सराफ, डीईओ अश्विनी कुमार उपाध्याय, सहायक आयुक्त जनजातीय कार्य विभाग शकुंतला डामोर एवं उत्कृष्ट विद्यालय के प्राचार्य शरद ज्योतिषी उपस्थित थे। बैठक में बताया गया कि जिले के परीक्षा केंद्रों के लिए केंद्राध्यक्ष एवं सहायक केंद्राध्यक्ष का चयन जिला एनआईसी के माध्यम से रेंडमाइजेशन प्रक्रिया द्वारा किया जाएगा। उनकी नियुक्ति मंडल की वेबसाइट पर दर्ज की जाएगी। प्रश्नपत्र थानों से निकालने के लिए कलेक्टर प्रतिनिधियों की भी नियुक्ति कर प्रविष्टि सुनिश्चित की जाएगी। सभी केंद्राध्यक्षों, सहायक केंद्राध्यक्षों, कलेक्टर प्रतिनिधियों का निर्धारित समय-सीमा में प्रशिक्षण कराया जाएगा। परीक्षा के दौरान प्रायवेट स्कूलों के शिक्षकों की ड्यूटी नहीं लगायी जाएगी। बालाघाट जिले में निर्धारित 132 परीक्षा केंद्रों की सतत निगरानी के लिए विकासखंड एवं जिला स्तर पर निरीक्षण दल गठित किए जाएंगे। स्वाध्यायी छात्रों के दो परीक्षा केंद्रों को अतिसंवेदनशील श्रेणी में रखते हुए वहां सेवानिवृत्त अधिकारियों को प्रेक्षक के रूप में नियुक्त किया जाएगा। कक्षा 10 वीं एवं 12 वीं की प्रायोगिक परीक्षाएं 10 फरवरी से 10 मार्च तक आयोजित होंगी, जिसके लिए बाह्य परीक्षकों की नियुक्ति की जाएगी। गोपनीय सामग्री को शासकीय उत्कृष्ट विद्यालय बालाघाट के स्ट्रॉन्ग रुम में सशस्त्र सुरक्षा के साथ सुरक्षित रखा गया है। प्रश्नपत्रों का वितरण 6-7 फरवरी को थाना-वार रूटचार्ट के अनुसार निर्धारित बसों से पुलिस अभिरक्षा में किया जाएगा। साथ ही सोशल मीडिया पर प्रश्नपत्रों से संबंधित अफवाहों पर नियंत्रण के लिए विद्यार्थियों को जागरूक करने के निर्देश दिए गए। बोर्ड परीक्षा में शामिल होने वाले बच्चों एवं उनके अभिभावकों को प्रश्नपत्र लिक होने संबंधी सोशल मीडिया में चलने वाली किसी भी अफवाह एवं भ्रामक जानकारी पर ध्यान नही देने के लिए जागरूक करने कहा गया। प्रश्न पत्र रखने एवं परीक्षा के समय वितरण तक की व्यवस्था को पूर्णत: सुरक्षित बनाया गया है। इसलिए प्रश्न पत्र लिक होने जैसी घटना संभव नही है। मूल्यांकन कार्यों की तैयारी के तहत जिले के चार नोडल अधिकारियों को नामांकित कर 3 फरवरी को भोपाल में आयोजित प्रशिक्षण में भेजा जाएगा, ताकि वे जिला स्तर पर मूल्यांकन कार्यों में संलग्न शिक्षकों को प्रशिक्षण दे सकें। बैठक में बोर्ड परीक्षाओं को शांतिपूर्ण, पारदर्शी एवं व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने पर विशेष जोर दिया गया। इस दौरान बताया गया कि मूल्यांकन में किसी भी बच्चों को शून्य नंबर नहीं दिए जाएंगे। भानेश साकुरे / 29 जनवरी 2026