राहुल गांधी का आरोप मुझे बोलने नहीं दिया जा रहा नई दिल्ली,(ईएमएस)। लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी की स्पीच पर लगातार दूसरे दिन मंगलवार को भी हंगामा हुआ। राहुल गांधी ने 2 बजे पूर्व आर्मी चीफ की अनपब्लिश्ड बुक के आर्टिकल को सदन में पेश किया। इस दौरान राहुल गांधी ने कहा कि मुझे बोलने दिया जाए। उनके इतना कहते ही संसद में मौजूद एनडीए सांसदों ने टोकना शुरू कर दिया। इसके बाद भी राहुल गांधी 14 मिनट तक बोलने की कोशिश करते रहे। राहुल गांधी ने कहा कि मुझे परमिशन नहीं दी जा रही है। मुझे बोलने नहीं दिया जा रहा। मैं विपक्ष का नेता हूं। मैंने राष्ट्रीय सुरक्षा का मुद्दा उठाया है। मैं बस बता रहा हूं की चाइना-इंडिया के बीच में क्या हुआ। पूर्वी लद्दाख में हमारे सैनिक शहीद हुए। वहीं हंगामे के दौरान पीठासीन की तरफ पेपर उछालने वाले 8 सांसदों को पूरे सत्र के लिए निलंबित किया गया है। इसमें अमरिंद सिंह राजा वडिंग, प्रशांत परोले, एस वेंटकटरमण, मणिकम टैगोर, किरण कुमार रेड्डी, हिबी ईडन, गुरजीत औजला और डीन कोरियोकोज शामिल हैं। उधर, राहुल गांधी के समर्थन में सपा सांसद नरेश उत्तम पटेल, टीएमसी सांसद शताब्दी रॉय और डीएमके सांसद डी एम कातिर आनंद ने भी राष्ट्रपति के अभिभाषण पर बोलने से इंकार किया। इसके पहले लोकसभा में स्पीकर ने दूसरे सांसद को बोलने को कहा। स्पीकर ने राहुल गांधी से कहा कि मैंने बार-बार नेता विपक्ष को राष्ट्रपति के अभिभाषण पर बोलने को कहा है। लेकिन वे बोलना नहीं चाहते हैं। सदन में जमकर हंगामा हुआ। राहुल गांधी ने कहा कि भारत और चीन के रिश्ते पर बात करना जरूरी है। इसके बाद कार्यवाही 3 बजे स्थगित हो गई। आशीष दुबे / 03 फरवरी 2026