कोलकाता (ईएमएस)। बंगाल चुनाव 2026 से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और जेपी नड्डा समेत 100 से अधिक नेता भारतीय जनता पार्टी की ऐतिहासिक परिवर्तन यात्रा में शामिल होंगे। परिवर्तन यात्रा का आगाज अमित शाह करेंगे, तो इसका समापन खुद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी करेंगे। भाजपा कहना है कि यह यात्रा ऐतिहासिक होगी। ‘पलटानो दरकार, चाई बीजेपी सरकार’ (बदलाव के लिए चाहिए भाजपा सरकार) के नारे के साथ 1 मार्च को एक साथ 5 जगहों पर और 2 मार्च को 4 जगहों पर इस महाभियान की शुरुआत होगी। राज्य के कोने-कोने में भाजपा की जमीनी पकड़ मजबूत करने के उद्देश्य से यात्रा निकाली जा रही है। यात्रा में अमित शाह, राजनाथ सिंह, जेपी नड्डा, नितिन नबीन समेत पार्टी के 100 राष्ट्रीय नेता शामिल होंगे। समापन समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आयेंगे। भाजपा के अनुसार, यह केवल एक राजनीतिक अभियान नहीं है, बल्कि बंगाल में लोकतंत्र की बहाली, इकोलॉजिकल और डेमोग्राफी बैलेंस और प्रशासनिक उदासीनता से जूझ रहे करोड़ों लोगों की आवाज बनने का एक आंदोलन है। इस यात्रा के जरिये पार्टी का लक्ष्य ‘विकसित पश्चिम बंगाल’ की राह तैयार करना है। भाजपा ने बताया है कि 5000 किलोमीटर की यात्रा और 1 करोड़ लोगों से संपर्क का लक्ष्य है। इसे अभूतपूर्व संगठनात्मक शक्ति के प्रदर्शन के रूप में देखा जा रहा है। बंगाल के सभी 9 संगठनात्मक संभागों में एक साथ यह अभियान चलेगा। लगभग 5000 किलोमीटर के इस सफर में 38 संगठनात्मक जिले और 230 से अधिक विधानसभा क्षेत्र तक भाजपा पहुंचेगी। भाजपा का लक्ष्य 1 करोड़ नागरिकों से सीधा संपर्क स्थापित करना है। परिवर्तन यात्रा के तहत 63 बड़ी रैलियां होंगी। प्रत्येक विधानसभा के प्रवेश बिंदु पर 281 स्वागत सभाएं आयोजित की जायेंगी। महिला सुरक्षा और भ्रष्टाचार प्रमुख मुद्दे होंगे। यात्रा के दौरान भाजपा मुख्य रूप से राज्य में महिलाओं की सुरक्षा व्यवस्था की खामियों, शिक्षा क्षेत्र में बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार (शिक्षक भर्ती घोटाला) और राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए बढ़ते खतरों के बारे में जनता को बताया जायेगा। यात्रा के दौरान सीमावर्ती जिलों में अवैध घुसपैठ, चरमपंथी तत्वों के उदय और खतरनाक जनसांख्यिकीय बदलावों के बारे में भी लोगों को बताया जायेगा। ग्रामीण इलाकों में कृषि बुनियादी ढांचे और केंद्रीय योजनाओं के पारदर्शी क्रियान्वयन पर जोर रहेगा, जबकि शहरी क्षेत्रों में औद्योगिक विकास और युवाओं के रोजगार को प्राथमिकता दी जायेगी। सुबोध/२८-०२-२०२६