:: बड़ा गणपति फ्लाईओवर और मेट्रो के कामों में बेहतर तालमेल के लिए अधिकारियों को दिए कड़े निर्देश :: इंदौर (ईएमएस)। इंदौर के बुनियादी ढांचे को और अधिक सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से नगरीय विकास एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने शुक्रवार को इंदौर विकास प्राधिकरण (आयडीए) कार्यालय में एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक ली। बैठक में शहर की प्रमुख विकास परियोजनाओं, विशेषकर बड़ा गणपति फ्लाईओवर के निर्माण को गति देने पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में नगर निगम, मेट्रो और आयडीए के शीर्ष अधिकारियों ने हिस्सा लिया। मंत्री विजयवर्गीय ने स्पष्ट किया कि इंदौर के कई प्रमुख मार्गों पर इन तीनों विभागों के काम एक साथ चल रहे हैं। यदि विभागों के बीच आपसी तालमेल न हो, तो काम की गति धीमी हो जाती है और आम जनता को असुविधा होती है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि किसी भी निर्माण कार्य को शुरू करने से पहले दूसरे संबंधित विभागों के साथ बेहतर संवाद स्थापित करें, ताकि सड़कों को बार-बार खोदने की स्थिति न बने और यातायात सुचारू रहे। फ्लाईओवर निर्माण की राह में आने वाली सबसे बड़ी चुनौती यूटिलिटी शिफ्टिंग है। मंत्री ने स्पष्ट निर्देश दिए कि बिजली, पानी, सीवर और टेलीकॉम जैसी भूमिगत लाइनों को हटाने (शिफ्टिंग) का कार्य प्राथमिकता के आधार पर और बिना किसी देरी के शुरू किया जाए। उन्होंने कहा कि इन तकनीकी अड़चनों को दूर कर परियोजना को समयबद्ध तरीके से आगे बढ़ाना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। मंत्री विजयवर्गीय ने चेतावनी भरे लहजे में कहा कि विकास कार्यों में लापरवाही या अनावश्यक देरी किसी भी स्तर पर स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को तय समय-सीमा (डेडलाइन) का कड़ाई से पालन करने के निर्देश दिए ताकि महत्वपूर्ण परियोजनाएं समय पर पूरी हो सकें। बैठक में नगर निगम आयुक्त क्षितिज सिंघल, आयडीए के मुख्य कार्यपालिक अधिकारी डॉ. परिक्षित झाड़े सहित संबंधित विभागों के अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। सभी अधिकारियों ने मंत्री को निर्माण कार्यों में तेजी लाने और समन्वय के साथ काम करने का भरोसा दिलाया है। प्रकाश/6 मार्च 2026