व्यापार
07-Mar-2026


नई दिल्ली (ईएमएस)। बीते फरवरी माह में भारत में रिटेल वाहन बिक्री में जबरदस्त उछाल देखने को मिला है। देश में कुल वाहन बिक्री सालाना आधार पर 25.62 प्रतिशत बढ़कर 24.09 लाख यूनिट तक पहुंच गई, जो फरवरी 2024 के पिछले रिकॉर्ड को भी पीछे छोड़ने में सफल रही। फेडरेशन ऑफ ऑटोमोबाइल डीलर्स एसोसिएशन (फाडा) के मुताबिक, यह बढ़ोतरी लगभग सभी प्रमुख वाहन सेगमेंट में दर्ज की गई है। फाडा के आंकड़ों के अनुसार दोपहिया वाहनों की बिक्री में 25.02 प्रतिशत, तीन पहिया वाहनों में 24.39 प्रतिशत, पैसेंजर वाहनों में 26.12 प्रतिशत और कमर्शियल वाहनों में 28.89 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई। इससे यह संकेत मिलता है कि निजी उपयोग के वाहनों के साथ-साथ आर्थिक गतिविधियों से जुड़े वाहनों की मांग भी तेजी से बढ़ रही है। डीलरों का मानना है कि मार्च में भी बाजार की स्थिति मजबूत रहने की संभावना है। लगभग 75.51 प्रतिशत डीलरों को उम्मीद है कि बिक्री में और तेजी आएगी, जबकि करीब 19.90 प्रतिशत डीलरों का मानना है कि बाजार स्थिर रहेगा। केवल 4.59 प्रतिशत डीलरों ने संभावित गिरावट की आशंका जताई है। फरवरी में ट्रैक्टर सेगमेंट ने सबसे तेज वृद्धि दर्ज की। इस श्रेणी में बिक्री 36.35 प्रतिशत बढ़ी, जो महीने की सबसे तेज रफ्तार मानी गई। हालांकि कंस्ट्रक्शन इक्विपमेंट ऐसा एकमात्र सेगमेंट रहा, जहां 1.22 प्रतिशत की हल्की गिरावट दर्ज की गई। दोपहिया वाहनों की रिटेल बिक्री बढ़कर 17,00,505 यूनिट तक पहुंच गई। अच्छी फसल, ग्रामीण इलाकों में नकदी प्रवाह, आकर्षक मार्केटिंग स्कीम और कर ढांचे में बदलाव को इस बढ़ोतरी का प्रमुख कारण माना जा रहा है। वहीं कमर्शियल वाहनों की बिक्री 1,00,820 यूनिट रही, जो सालाना आधार पर 28.89 प्रतिशत अधिक है। इसी दौरान पैसेंजर वाहनों की रिटेल बिक्री 3,94,768 यूनिट रही, जो 26.12 प्रतिशत की वृद्धि दर्शाती है। शहरी बाजार में 21.12 प्रतिशत और ग्रामीण क्षेत्रों में 34.21 प्रतिशत की तेजी से साफ है कि अब छोटे शहरों और गांवों में भी वाहनों की मांग तेजी से बढ़ रही है। बेहतर माल ढुलाई, स्थिर ई-कॉमर्स गतिविधियां और इंफ्रास्ट्रक्चर से जुड़ी मांग ने इस सेगमेंट को मजबूती दी है। सुदामा/ईएमएस 07 मार्च 2026