- अंतरविभागीय समन्वय बैठक में हुई तैयारियों की समीक्षा - कलेक्टर ने दिए निर्देश गर्मी के मौसम को ध्यान में रखकर करें सभी व्यवस्थायें ग्वालियर ( ईएमएस ) | मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के मुख्य आतिथ्य में घाटीगाँव में प्रस्तावित लाड़ली बहना सम्मेलन एवं विकास कार्यों के लोकार्पण व भूमिपूजन कार्यक्रम की तैयारियों की अंतरविभागीय समन्वय बैठक में समीक्षा की गई। कलेक्टर श्रीमती रुचिका चौहान ने विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए कि गर्मी के मौसम को ध्यान में रखकर सभी तैयारियों को अंतिम रूप दें। आयोजन स्थल पर लाड़ली बहनाओं सहित सभी प्रतिभागियों के बैठने के लिये बेहतर से बेहतर व्यवस्था करें। साथ ही पेयजल की भी पुख्ता व्यवस्था की जाए। जिन कार्यों का भूमिपूजन व लोकार्पण होना है, उनकी सूची जल्द से जल्द उपलब्ध कराने के निर्देश भी विभागीय अधिकारियों को दिए गए। सोमवार को कलेक्ट्रेट के सभागार में आयोजित हुई बैठक में सीएम हैल्पलाइन, समर्थन मूल्य पर गेहूँ उपार्जन की तैयारी, निर्माणाधीन सांदीपनि स्कूल व अन्य स्कूल भवन, जनगणना की तैयारी, संकल्प से समाधान, सहकारी बैंकों की वसूली व पुस्तक मेला सहित शासन की प्राथमिकता वाले अन्य कार्यक्रमों की भी समीक्षा की गई। बैठक में अपर कलेक्टर श्री कुमार सत्यम, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री सोजान सिंह रावत व अपर जिला दण्डाधिकारी श्री सी बी प्रसाद सहित जिले के सभी एसडीएम एवं विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद थे। - सीएम हैल्पलाइन के प्रति उदासीन अधिकारियों का कटेगा 5 – 5 दिन का वेतन कलेक्टर श्रीमती रुचिका चौहान ने सीएम हैल्पलाइन की समीक्षा के दौरान कहा कि जिले के सभी एसडीएम सीएम हैल्पलाइन की शिकायतों को गंभीरता से लें। एसडीएम व्यक्तिगत रुचि लेकर अधीनस्थ अमले के माध्यम से राजस्व विभाग से संबंधित सीएम हैल्पलाइन की शिकायतों का निराकरण कराएं। उन्होंने निर्देश दिए कि सीएम हैल्पलाइन की पुरानी शिकायतों के निराकरण के प्रति उदासीन तहसीलदारों व नायब तहसीलदारों का 5 – 5 दिन का वेतन काटने के लिये नोटिस जारी करें। साथ ही अपर जिला दण्डाधिकारी श्री सी बी प्रसाद को अगले 4 सोमवार को भितरवार में बैठक लेकर शिकायतों का निराकरण कराने के निर्देश दिए हैं। -ग्रीष्म ऋतु को ध्यान में रखकर उपार्जन केन्द्रों पर किसानों के लिये पुख्ता व्यवस्थायें करें अंतरविभागीय समन्वय बैठक में कलेक्टर श्रीमती चौहान ने रबी उपार्जन की तैयारियों की समीक्षा के दौरान निर्देश दिए कि जिले के सभी उपार्जन (खरीदी) केन्द्रों पर किसानों के लिये पुख्ता बुनियादी सुविधायें जुटाएं। हर केन्द्र पर छाया, पेयजल व किसानों के बैठने के लिये बेहतर व्यवस्था रहे। उन्होंने सभी एसडीएम को भी निर्देश दिए कि शेष गेहूँ उत्पादक किसानों का पंजीयन कराने के लिये क्षेत्रीय जनप्रतिनिधिगणों से संपर्क कर उनका सहयोग लें। बैठक में बताया गया कि पंजीयन के लिये 10 मार्च आखिरी तिथि है। जिले में अब तक लगभग साढ़े 11 हजार किसान अपना पंजीयन करा चुके हैं। पिछली साल लगभग साढ़े 13 हजार किसानों ने पंजीयन कराया था। सरकार द्वारा इस साल बोनस सहित 2625 रुपए प्रति क्विंटल के हिसाब से समर्थन मूल्य पर गेहूँ की खरीदी की जायेगी। जिले में 23 मार्च से 22 मई तक गेहूँ का उपार्जन होगा। - शासकीय सेवक समय पर कार्यालय में उपस्थित हों अपर कलेक्टर श्री कुमार सत्यम एवं जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री सोजान सिंह रावत ने राज्य शासन के दिशा-निर्देशों के तहत सभी शासकीय कार्यालयों में अधिकारियों एवं कर्मचारियों को समय पर उपस्थित होने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जो शासकीय सेवक समय पर उपस्थित नहीं होंगे, उनके खिलाफ कार्रवाई की जायेगी। शासकीय कार्यालयों में उपस्थिति के लिये बायोमैट्रिक सिस्टम लगवाने व सार्थक एप का उपयोग करने के लिये भी कहा गया। मौजूदा माह में 20 से 27 मार्च तक मेला के दस्तकारी हाट बाजार में लगने जा रहे पुस्तक मेला की तैयारियों की समीक्षा भी की गई। साथ ही कहा गया कि पुस्तक विक्रेताओं की सूची लेकर जल्द से जल्द दुकान आवंटन की कार्रवाई कराएं। पुस्तक मेले में पाठ्य पुस्तकों व स्टेशनरी पर दुकानदारों द्वारा दी जाने वाली न्यूनतम छूट की जानकारी का प्रचार-प्रसार करने के लिये भी कहा गया। पुस्तक मेला परिसर में फूड स्टॉल लगवाने के लिये जिला आपूर्ति नियंत्रक को निर्देशित किया गया। - यह भी निर्देश दिए सहकारी बैंक व सहकारी संस्थाओं में गबन के आरोपियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई करें और बकाया वसूली में तेजी लाएं। प्राथमिक कृषि साख सहकारी संस्था पुट्टी में गबन करने वाले सहायक समिति प्रबंधक पंकज भार्गव को सेवा से पृथक कर एफआईआर कराने के निर्देश। निर्माणाधीन जिले के सभी सांदीपनि स्कूल भवनों के काम में तेजी लाने पर दिया जोर। बेहट में स्व-सहायता समूह के माध्यम से गेहूँ उपार्जन कराया जाए। जनगणना के लिये कर्तव्यनिष्ठ शासकीय सेवकों को चिन्हित करें।