कोलकाता,(ईएमएस)। पश्चिम बंगाल की राजनीति फिर जुबानी जंग तेज हो गई। तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर हमला करते हुए उनसे इस्तीफे की मांग की। बनर्जी ने यह चुनौती निर्वाचन आयोग द्वारा मतदाता सूची के एसआईआर के दौरान बड़े पैमाने पर नाम हटाए जाने के विरोध में आयोजित एक धरने के दौरान दी। बनर्जी ने अमित शाह के स्वच्छ और बेदाग शासन के आह्वान को पाखंड बताया और सोहराबुद्दीन शेख फर्जी मुठभेड़ मामले के संबंध में उनकी गिरफ्तारी का उल्लेख किया। 2010 में गुजरात के तत्कालीन गृह राज्य मंत्री शाह को केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो ने गिरफ्तार किया था और मामले के सिलसिले में साबरमती केंद्रीय जेल में रखा गया था। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक जमानत मिलने से पहले उन्होंने दो महीने से ज्यादा समय जेल में बिताया और बाद में उन्हें सभी आरोपों से मुक्त कर दिया गया। शाह ने कहा था कि आरोप केंद्र में तत्कालीन कांग्रेस के नेतृत्व वाली सरकार द्वारा गढ़े गए थे और राजनीति से प्रेरित थे। बनर्जी ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार की भी आलोचना की और आरोप लगाया कि उन्होंने राज्य प्रशासन को स्थानांतरण और अन्य राज्यों के पुलिस कर्मियों की तैनाती की धमकी दी। यह हमला ऐसे समय में आया है जब बंगाल में चुनावी सरगर्मी और प्रशासनिक नियुक्तियों को लेकर केंद्र और राज्य के बीच तनाव चरम पर है। टीएमसी इस मुद्दे को बंगाली अस्मिता और लोकतांत्रिक अधिकारों से जोड़कर देख रही है, जबकि बीजेपी इसे भ्रष्टाचार के मुद्दों से ध्यान भटकाने की कोशिश बता रही है। सिराज/ईएमएस 10मार्च27 ------------------------------