राष्ट्रीय
12-Mar-2026
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भारतीय दूतावास ने फंसे लोगों को अज्ञात वस्तु, मलबे या टुकड़ों से दूर रहने की दी चेतावनी नई दिल्ली,(ईएमएस)। भारतीय दूतावास ने कहा है कि कतर में फंसे 500 से ज्यादा भारतीयों को नई दिल्ली और अन्य स्थानों पर पहुंचाया गया है। दूतावास ने पश्चिम एशियाई देश में अब भी फंसे लोगों को किसी भी अज्ञात वस्तु, मलबे या टुकड़ों के पास ना जाने की चेतावनी दी है। कतर स्थित भारतीय दूतावास ने एक्स पर सलाह दी कि पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष के बीच कतर एयरवेज गुरुवार को भारत के लिए दो उड़ानें संचालित कर रहा है। दूतावास ने कहा कि कतर में फंसे 500 से ज्यादा भारतीय 11 मार्च को कतर एयरवेज की उड़ानों से नई दिल्ली और अन्य स्थानों के लिए रवाना हुए थे। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक संघर्ष के कारण उड़ानें रद्द होने से दुबई में फंसे ओडिशा के 35 पर्यटक बुधवार को सुरक्षित लौट आए। सीएमओ के बयान के मुताबिक फंसे हुए पर्यटकों में से नौ पर्यटक 7 मार्च को केरल के कोच्चि होते हुए भुवनेश्वर आए बाकी पर्यटक 8 मार्च को मुंबई होते हुए विशेष उड़ान से भुवनेश्वर पहुंचे। सीएम मोहन चरण माझी ने इस बात पर चिंता जताई कि क्षेत्र में जारी संघर्ष के कारण पश्चिम एशिया में ओडिशा के कई लोग फंसे हैं। सीएमओ ने बताया कि सीएम माझी ने उनकी सुरक्षित वापसी सुनिश्चित करने की जरुरत पर जोर देते हुए मुख्य सचिव अनु गर्ग को स्थिति पर बारीकी से नजर रखने और उडिया लोगों की वापसी को सुविधाजनक बनाने के लिए जरुरी कदम उठाने का निर्देश दिया। वहीं, विपक्षी दलों ने विधानसभा में ओडिशा सरकार पर खाड़ी देशों में जारी संघर्ष के बीच फंसे राज्य के लोगों के प्रति कोई चिंता न दिखाने का आरोप लगाया। रिपोर्ट के मुताबिक मुख्य सचेतक प्रमिला मलिक और प्रताप केशरी देब द्वारा लाए गए स्थगन प्रस्ताव में इस मुद्दे पर बहस हुई। बीजू जनता दल (बीजद) विधायक अरुण कुमार साहू ने पूछा कि क्या राज्य सरकार के पास युद्ध के बीच फंसे उडिया लोगों को वापस लाने की कोई योजना है? बीजद सदस्य ध्रुव चरण साहू ने आरोप लगाया कि खाड़ी देशों में रह रहे लोगों के परिवार गंभीर मानसिक तनाव में हैं। उन्होंने सुझाव दिया कि राज्य सरकार पश्चिम एशिया में युद्ध रोकने के लिए सदन में प्रस्ताव लाए। साहू ने कहा कि ओडिशा विधानसभा युद्ध रोकने की अपील करने वाली देश की पहली विधानसभा बने। विपक्षी विधायकों ने कहा कि हवाई संपर्क रद्द होने के कारण खाड़ी देशों में करीब तीन से चार लाख उडिया लोग फंसे हैं, जिनमें से ज्यादातर केंद्रपाड़ा, गंजाम और पुरी जिलों से हैं। सिराज/ईएमएस 12मार्च26 --------------------------------