फिरोजाबाद(ईएमएस) “नव निर्माण के नौ वर्ष: विकसित भारत-विकसित उत्तर प्रदेश” थीम के अंतर्गत जनपद फिरोजाबाद के विकास भवन परिसर में भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर सरकार की उपलब्धियों पर आधारित प्रदर्शनी लगाई गई, जिसका जनप्रतिनिधियों ने अवलोकन किया। कार्यक्रम के दौरान विभिन्न विभागों की योजनाओं से जुड़े लाभार्थियों को प्रमाण पत्र एवं चेक वितरित किए गए। हेल्प डेस्क के माध्यम से आमजन को सरकारी योजनाओं की जानकारी देकर उन्हें लाभान्वित किया गया। इस दौरान उमाकांत विश्वकर्मा को विश्वकर्मा योजना के तहत प्रमाण पत्र प्रदान किया गया, जबकि डम्बर सिंह और राधेश्याम को मुख्यमंत्री आवास योजना के अंतर्गत आवास की चाबियां सौंपी गईं। शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्र-छात्राओं—सौम्या, निधि, जन्नत और राधा—को भी सम्मानित किया गया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक प्रेमपाल धनगर ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश ने पिछले नौ वर्षों में कानून-व्यवस्था, निवेश, बुनियादी ढांचे, कृषि, रोजगार और महिला सशक्तिकरण जैसे क्षेत्रों में व्यापक प्रगति की है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में अपराध के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति अपनाई गई है, जिससे अपराधों में कमी आई है। मिशन शक्ति, महिला हेल्पलाइन 181, वूमेन पावर लाइन 1090 और एंटी रोमियो स्क्वॉड के जरिए महिला सुरक्षा को मजबूत किया गया है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में 50 लाख करोड़ रुपये से अधिक का निवेश प्राप्त हुआ है, जिससे 60 लाख से अधिक रोजगार के अवसर सृजित हुए हैं। उत्तर प्रदेश अब एक्सप्रेस-वे प्रदेश बन चुका है, जहां देश के कुल एक्सप्रेस-वे नेटवर्क का लगभग 55 प्रतिशत हिस्सा मौजूद है। इसके अलावा प्रदेश में पेंशन योजनाओं के तहत 65.50 लाख वृद्धजन, 26.81 लाख निराश्रित महिलाएं और 11.57 लाख दिव्यांगजन लाभान्वित हो रहे हैं। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत 2.12 करोड़ किसानों को 99 हजार करोड़ रुपये से अधिक की धनराशि हस्तांतरित की जा चुकी है। कार्यक्रम के अंत में मुख्य विकास अधिकारी शत्रोहन वैश्य ने अन्य अधिकारियों के साथ उपस्थित रहकर लाभार्थियों का उत्साहवर्धन किया। मेयर कामिनी राठौर ने कहा कि यह नौ वर्ष उत्तर प्रदेश को विकसित भारत की दिशा में आगे बढ़ाने वाले महत्वपूर्ण वर्ष साबित हुए हैं। इस अवसर पर परियोजना निदेशक सुभाष चंद्र त्रिपाठी, बीएसए आशीष पांडेय, पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी के.एम. सिंह सहित कई अधिकारी मौजूद रहे। ईएमएस