लखनऊ,(ईएमएस)। गुमशुदा व्यक्तियों से संबंधित स्वतः संज्ञान याचिका पर हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच में सुनवाई के दौरान उत्तरप्रदेश की योगी सरकार ने दावा किया है कि उसने 1 जनवरी, 2024 से 17 मार्च 2026 के बीच लापता हुए व्यक्तियों में से 79.84 प्रतिशत का पता लगाया है। इस संबंध में अपर मुख्य सचिव गृह संजय प्रसाद और पुलिस महानिदेशक राजीव कृष्णा ने व्यक्तिगत हलफनामा भी प्रस्तुत किया है। न्यायालय ने मामले की अगली सुनवाई के लिए 15 अप्रैल की तय की है। न्यायमूर्ति राजेश सिंह चौहान और न्यायमूर्ति जफीर अहमद की खंडपीठ के समक्ष सुनवाई के दौरान दोनों अधिकारी उपस्थित रहे। शासकीय अधिवक्ता डा. वीके सिंह ने बताया कि 1 जनवरी 2024 से 17 मार्च 2026 तक कुल 1,19,070 लोग लापता हुए थे, जिनमें से 95,061 का पता लगाया जा चुका है। इसके अतिरिक्त, 2013 से अब तक गुमशुदा बच्चों और वयस्कों के संबंध में राज्य सरकार द्वारा 11 बार दिशा निर्देश जारी किए गए हैं। उल्लेखनीय है कि एक गुमशुदा व्यक्ति से संबंधित मामले की सुनवाई के दौरान न्यायालय के संज्ञान में आया कि प्रदेश में पिछले लगभग दो सालमें 1,08,300 लोग लापता हो चुके हैं, जिनके संबंध में गुमाशुदगी रिपोर्ट दर्ज हैं। आशीष दुबे/ 26 मार्च 2026