नई दिल्ली (ईएमएस)। चेन्नई सुपर किंग्स को इंडियन प्रीमियर लीग 2026 में लगातार दूसरी हार के बाद टीम की रणनीति पर सवाल उठने लगे हैं। पंजाब किंग्स के खिलाफ 210 रन जैसा बड़ा स्कोर खड़ा करने के बावजूद चेन्नई इसे बचा नहीं सकी। इस हार के बाद टीम के हेड कोच स्टीफन फ्लेमिंग ने माना कि नीलामी के दौरान कुछ अहम गेंदबाजों को टीम में शामिल न कर पाना अब भारी पड़ रहा है। फ्लेमिंग ने कहा कि टीम मैनेजमेंट ने ऑक्शन के दौरान कई गेंदबाजों पर गंभीरता से विचार किया था, लेकिन परिस्थितियों के चलते वे उन्हें खरीद नहीं सके। उन्होंने स्वीकार किया कि जिन खिलाड़ियों को उस समय नजरअंदाज किया गया, वे अब शानदार प्रदर्शन कर रहे हैं। उनके मुताबिक, टीम ने हर विकल्प पर चर्चा की थी, लेकिन अंत में कुछ खिलाड़ियों को मिस कर दिया गया। चेन्नई की हार ने एक बार फिर गेंदबाजी विभाग की कमजोरियों को उजागर किया है। पंजाब के खिलाफ मैच में बल्लेबाजों ने बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए 209 रन बनाए, लेकिन गेंदबाज विपक्षी टीम पर दबाव बनाने में नाकाम रहे। इस कारण बड़ा स्कोर भी टीम के काम नहीं आ सका। टी20 क्रिकेट के बदलते स्वरूप पर बात करते हुए फ्लेमिंग ने कहा कि अब पारंपरिक “फिनिशर” की भूमिका पहले जैसी नहीं रही। उनके अनुसार, आज के खेल में बल्लेबाज शुरुआत से ही आक्रामक रुख अपनाते हैं और हर ओवर में तेजी से रन बनाने की कोशिश करते हैं। उन्होंने कहा कि पहले टीम 16वें ओवर तक पारी संभालती थी, लेकिन अब हर ओवर में 10-12 रन बनाना जरूरी हो गया है। इसके बावजूद फ्लेमिंग ने टीम की बल्लेबाजी पर भरोसा जताया। उन्होंने कहा कि चेन्नई के पास डेवाल्ड ब्रेविस जैसे आक्रामक बल्लेबाज और एमएस धोनी जैसे अनुभवी खिलाड़ी मौजूद हैं, जो मैच का रुख बदल सकते हैं। उनके अनुसार, टीम के पास तेज रन बनाने की क्षमता है और बल्लेबाजी में कोई बड़ी चिंता नहीं है। लगातार दो हार के बाद चेन्नई सुपर किंग्स पर दबाव बढ़ गया है। अब टीम का अगला मुकाबला रॉयल्स चेलेंजर बेंगलुरुसे है, जहां जीत हासिल कर वापसी करना उसके लिए बेहद जरूरी होगा। डेविड/ईएमएस 04 अप्रैल 2026