मोतिहारी, (ईएमएस)। बिहार के मोतिहारी में पुलिस की विशेष जांच टीम (एसआईटी) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए गवंदरा गांव स्थित इस्लामिया मदरसा में छापेमारी की। इस दौरान मदरसा परिसर से एक पिस्तौल और जिंदा कारतूस बरामद किए गए। पुलिस ने मदरसे के मौलवी, केयरटेकर और सफाईकर्मी सहित तीन लोगों को गिरफ्तार किया है और मदरसे को सील कर दिया गया है। पूर्वी चंपारण के पुलिस अधीक्षक स्वर्ण प्रभात ने बताया कि चकिया थाना क्षेत्र में अवैध हथियारों की बिक्री की सूचना मिली थी, जिसकी कड़ी इस मदरसे तक पहुंची। सूचना के आधार पर एसआईटी ने इलाके को घेरकर सघन तलाशी अभियान चलाया। तलाशी के दौरान पुलिस को मदरसा भवन से एक पिस्तौल, कई जिंदा कारतूस और कुछ संदिग्ध दस्तावेज मिले। मामले की गंभीरता को देखते हुए मौके पर फॉरेंसिक टीम, डॉग स्क्वॉड और अन्य विशेषज्ञों को बुलाया गया। एसपी के अनुसार, मदरसे और आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं ताकि पूरे घटनाक्रम को समझा जा सके और किसी बड़े नेटवर्क का पता लगाया जा सके। गिरफ्तार तीनों आरोपियों से पूछताछ जारी है और उनके मोबाइल फोन भी जब्त कर जांच की जा रही है। - पीएफआई से कनेक्शन की जांच पुलिस पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (पीएफआई) से संभावित संबंधों की भी जांच कर रही है। प्रारंभिक जांच में यह भी आशंका जताई गई है कि हथियार किसी बड़ी साजिश के तहत यहां रखे गए हो सकते हैं। पुलिस सूत्रों के अनुसार, यही मदरसा पहले भी चर्चा में आया था, जब चकिया पुलिस और एंटी-टेररिज्म स्क्वॉड (एटीएस) की संयुक्त कार्रवाई में याकूब उर्फ उस्मान उर्फ सुल्तान, जिसे पीएफआई का सक्रिय सदस्य बताया गया था, को यहीं से गिरफ्तार किया गया था। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की गहराई से जांच कर रही है और इस घटना के पीछे किसी बड़े नेटवर्क या साजिश की संभावना से इनकार नहीं किया जा रहा है। - संतोष झा-०६ अप्रैल/२०२६/ईएमएस