पुणे(ईएमएस)। म्हात्रे पुल इलाके में एक आवारा कुत्ते ने ऐसी दहशत फैलाई कि लोग अपने घरों में कैद होने को मजबूर हो गए। डीपी रोड पर एक संदिग्ध रेबीज संक्रमित कुत्ते ने अचानक राहगीरों पर हमला करना शुरू कर दिया। देखते ही देखते इस कुत्ते ने बिना किसी उकसावे के पांच लोगों को बुरी तरह काटकर घायल कर दिया। घायलों में भगदड़ मच गई और वे तुरंत इलाज के लिए दीनानाथ मंगेशकर अस्पताल भागे। डॉक्टरों ने जब देखा कि सभी पीड़ित एक ही कुत्ते के हमले का शिकार हुए हैं, तो उन्होंने तुरंत प्रशासन को अलर्ट किया। सूचना मिलते ही पुणे नगर निगम (पीएमसी) की डॉग कैचिंग टीम मौके पर पहुँची। काफी मशक्कत के बाद कुत्ते को महालक्ष्मी लॉन्स के पास काबू किया गया और पकड़ा गया। लेकिन कहानी में ट्विस्ट तब आया जब पकड़े जाने के कुछ ही देर बाद कुत्ते की अचानक मौत हो गई। कुत्ते की इस तरह हुई मौत ने रेबीज की आशंका को और गहरा दिया है। हालांकि, मौत के बाद कुत्ते के सैंपल नहीं लिए जा सके, जिससे तकनीकी रूप से रेबीज की पुष्टि नहीं हो पाई है, लेकिन विशेषज्ञों का मानना है कि कुत्ते का व्यवहार और उसकी अचानक मौत रेबीज के स्पष्ट लक्षण हैं। फिलहाल, सभी पांच घायलों का अस्पताल में इलाज चल रहा है और उन्हें एंटी-रेबीज वैक्सीन के जरूरी डोज दिए गए हैं। डॉक्टरों ने भरोसा दिलाया है कि समय पर इलाज मिलने से वे खतरे से बाहर हैं। लेकिन इस घटना ने पुणे के रिहायशी इलाकों में आवारा कुत्तों के आतंक और नगर निगम की ढिलाई पर फिर से सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोग डरे हुए हैं और उनका कहना है कि अगर इलाके में और भी संक्रमित कुत्ते हुए, तो यह स्थिति एक बड़ी त्रासदी में बदल सकती है। प्रशासन ने लोगों को आवारा जानवरों से दूरी बनाने और सतर्क रहने की सलाह दी है। वीरेंद्र/ईएमएस/10अप्रैल2026