हवाना,(ईएमएस)। कैरेबियन देश क्यूबा के राष्ट्रपति मिगुएल डियाज-कैनेल ने हाल ही में अमेरिका को कड़ी चेतावनी देकर स्पष्ट कहा कि यदि उनके देश पर किसी भी प्रकार का सैन्य हमला या सत्ता परिवर्तन की कोशिश हुई, तब क्यूबा उसका मजबूती से जवाब देगा। यह बयान उन्होंने अमेरिकी मीडिया चैनल को दिए साक्षात्कार के दौरान दिया। राष्ट्रपति ने कहा कि क्यूबा पर किसी भी तरह के आक्रमण, “सर्जिकल ऑपरेशन” या नेतृत्व को हटाने के प्रयास का कोई वैध आधार नहीं है। उन्होंने दो टूक कहा कि यदि ऐसी स्थिति उत्पन्न होती है, तब क्यूबा पीछे नहीं हटेगा और अपने देश की रक्षा पूरी ताकत से करेगा। डियाज़-कैनेल ने अमेरिका पर “शत्रुतापूर्ण नीति” अपनाने का आरोप लगाकर कहा कि अमेरिका को क्यूबा के राजनीतिक ढांचे में बदलाव की मांग करने का नैतिक अधिकार नहीं है। उन्होंने कहा कि क्यूबा और अमेरिका के बीच बातचीत की संभावना बनी हुई है, लेकिन यह बिना किसी शर्त के और समानता के आधार पर होनी चाहिए। उन्होंने यह स्पष्ट किया कि क्यूबा किसी भी बाहरी दबाव में अपने राजनीतिक सिस्टम में बदलाव स्वीकार नहीं करेगा। यह बयान तब आया है जब दोनों देशों के बीच तनाव बना हुआ है, हालांकि कुछ स्तर पर संवाद की प्रक्रिया भी चल रही है। क्यूबा सरकार लंबे समय से अपनी आर्थिक समस्याओं के लिए अमेरिकी प्रतिबंधों और ऊर्जा नाकेबंदी को जिम्मेदार ठहराती रही है। राष्ट्रपति के अनुसार, इन प्रतिबंधों के कारण देश की स्वास्थ्य सेवाओं, सार्वजनिक परिवहन और आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति पर गंभीर असर पड़ा है। देश की ऊर्जा स्थिति भी बेहद चुनौतीपूर्ण बताई गई है। क्यूबा अपनी जरूरत का केवल लगभग 40 प्रतिशत ईंधन ही खुद उत्पादन कर पाता है। हाल ही में वेनेजुएला से तेल आपूर्ति रुकने के बाद संकट और बढ़ गया। इसके बाद रूस से एक टैंकर तेल पहुंचा, जिससे कुछ राहत मिली, और आगे और आपूर्ति की उम्मीद जताई गई है। इस पूरे घटनाक्रम के बीच अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने क्यूबा नेतृत्व की आलोचना कर भ्रष्ट बताया और कहा कि बाहरी तेल आपूर्ति से स्थिति में कोई बड़ा बदलाव नहीं होगा। इस पर क्यूबा के राष्ट्रपति ने गंभीर चेतावनी के रूप में लिया और देश की सुरक्षा, संप्रभुता और राजनीतिक व्यवस्था की रक्षा के लिए तैयार रहने की बात दोहराई। आशीष दुबे / 13 अप्रैल 2026