लोहरदगा(ईएमएस)।भारतीय जनता पार्टी जिला अध्यक्ष अजय कुमार पंकज जी के नेतृत्व में झारखंड राज्य के सभी 24 प्रशासनिक जिलों में भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं द्वारा बढ़े हुए बिजली दर, लगातार हो रही बिजली कटौती तथा पोस्टपेड मीटर में मनमानी बिलिंग की समस्याओं के विरोध में जिला स्तरीय आक्रोशपूर्ण घेराव कार्यक्रम पत्तराटोली स्थित बिजली ऑफिस आयोजित किया गया। कार्यक्रम में मुख्य रूप से पूर्व विधान पार्षद प्रवीण सिंह, प्रदेश मंत्री मनीर उरांव उपस्थित थे। आक्रोश प्रदर्शन के पश्चात विधुत कार्यपालक अभियंता लोहरदगा के द्वारा मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपा गया। जिसमें बताया कि झारखंड प्रदेश की जनता राज्य सरकार द्वारा बार बार लिए जा रहे जनविरोधी, गरीब विरोधी, किसान, दलित, आदिवासी, पिछड़ा विरोधी निर्णयों से निराश है और आक्रोशित है। जनता राज्य की भ्रष्ट, निकम्मी सरकार को जनादेश देने के लिए पछतावा भी कर रही है।जनता अब मान चुकी है कि चाहे 3200 रुपए प्रति क्विंटल धान खरीदने का वादा हो या फिर 450 रूपये में गैस सिलेंडर देने का, युवाओं को नौकरी और बेरोजगारी भत्ता देने का सभी वादे झूठे साबित हुए।विगत 1 अप्रैल से राज्य में बिजली दर में हुई अप्रत्याशित ऊंची वृद्धि ने तो आम खास सभी की कमर ही तोड़ दी है। 200 यूनिट मुफ्त बिजली का झांसा देकर जनता को ठगने वाली सरकार ने बिजली दर में भारी वृद्धि कर पिछले दरवाजे से जनता को सूद सहित लूटने का जनविरोधी फैसला लिया है। एक तरफ जनता बिजली की आंख मिचौली से परेशान है। जले और खराब ट्रांसफार्मर सालों तक बदले नहीं जा रहे।दूसरी ओर स्मार्ट मीटर के माध्यम से जनता को परेशान किया जा रहा है। लगातार शिकायतें मिल रही है कि वर्षभर का बिल उपभोक्ताओं को एक साथ देकर जमा करने के लिए बाध्य किए जा रहे और नहीं जमा करने की स्थिति में बिजली काट दी जा रही है।राज्य सरकार द्वारा ग्रामीण क्षेत्र के उपभोक्ताओं के लिए बिजली बिल में प्रति यूनिट 50 पैसे और शहरी घरेलू उपभोक्ताओं केलिए 55 पैसे प्रति यूनिट की वृद्धि से आम उपभोक्ताओं को सड़क पर उतरने के लिए मजबूर कर दिया है। उद्योग धंधों और कृषि कार्य भी बिजली दर में वृद्धि से बुरी तरह प्रभावित हुए हैं। किसानों की कमर टूट गई है।आम जनता इस बढ़े हुए बिजली दर का बोझ सहन करने में असमर्थ है, इसलिए सड़कों पर उतरकर प्रबल विरोध कर रही है। यह विरोध प्रदर्शन राज्य सरकार को त्राहिमाम संदेश भी है और चेतावनी भी। अगर राज्य सरकार इस जन विरोधी फैसले को वापस नहीं लेती है तो भाजपा इस आंदोलन को और व्यापक करेगी। ऐसे हालात में आंदोलन के लिए पूरी तरह से राज्य सरकार जिम्मेवार होगी।भाजपा इस प्रदर्शन और ज्ञापन के माध्यम से मांग कि बढ़े हुए बिजली दर को अविलंब वापस लिया जाए।24 घंटे बिजली आपूर्ति सुनिश्चित किया जाए।राज्य भर में जले हुए ट्रांसफार्मर को अविलंब बदला जाए।मरम्मत के नाम पर बिजली आपूर्ति को बार बार बाधित नहीं किया जाए। स्मार्ट मीटर के नाम पर जनता से हो रही लूट बंद हो। मौके पर भाजपा कार्यकर्ता पदाधिकारी उपस्थित रहे। कर्मवीर सिंह/17अप्रैल/26