खेल
19-Apr-2026


:: जूनियर नेशनल चैंपियनशिप में 31 राज्यों के 600 से अधिक खिलाड़ी दिखाएंगे दम; तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल खिताबी दौड़ में सबसे आगे :: देहरादून (ईएमएस)। देवभूमि देहरादून के न्यू मल्टीपर्पज हॉल में जारी यूटीटी 87वीं इंटर-स्टेट जूनियर एवं यूथ नेशनल टेबल टेनिस चैंपियनशिप का रोमांच अब चरम पर पहुंचने वाला है। बालिकाओं की स्पर्धाओं के समापन के बाद अब खेल प्रेमियों की नजरें बालक वर्ग पर टिक गई हैं। रविवार को देशभर से आए 600 से अधिक युवा पैडलर्स ने देहरादून की धरा पर कदम रखा। सोमवार से शुरू होने वाले मुकाबलों में जहाँ टीम भावना की परीक्षा होगी, वहीं व्यक्तिगत स्पर्धाओं में खिलाड़ी एक-एक अंक के लिए संघर्ष करते नजर आएंगे। बालक वर्ग में इस बार तमिलनाडु की टीम को खिताब का सबसे प्रबल दावेदार माना जा रहा है। शीर्ष वरीयता प्राप्त तमिलनाडु की टीम पी.बी. अभिनंद के नेतृत्व में खासी संतुलित नजर आ रही है। हालांकि, उन्हें दूसरी वरीयता प्राप्त पश्चिम बंगाल से कड़ी चुनौती मिलने की उम्मीद है। बंगाल की टीम पुनीत बिस्वास और ओइशिक घोष जैसे धाकड़ खिलाड़ियों के दम पर फाइनल में जगह बनाने के लिए पूरी तरह तैयार है। विशेषज्ञों का मानना है कि इन दोनों दिग्गजों के बीच होने वाला मुकाबला इस चैंपियनशिप का मुख्य आकर्षण केंद्र होगा। प्रतियोगिता में तीसरी वरीयता प्राप्त असम की टीम प्रियानुज भट्टाचार्य और दिव्यज राजखोवा रॉय की जोड़ी के साथ उलटफेर करने में सक्षम है। वहीं, चौथे स्थान पर काबिज महाराष्ट्र की टीम कुशल चोपड़ा और अनुभवी नील मुले के भरोसे अपनी चुनौती पेश करेगी। दिल्ली और पीएसपीबीए की टीमें भी नॉकआउट दौर के लिए दमखम दिखाएंगी। हिमाचल प्रदेश की उम्मीदें नमन भटनागर पर टिकी हैं, जो अपने जुझारू खेल के लिए पहचाने जाते हैं। हरियाणा के वत्सक दुलकन और ओडिशा के सार्थक आर्य भी अपनी लय से विरोधियों को चौंका सकते हैं। इस बार चैंपियनशिप में भागीदारी के नए कीर्तिमान स्थापित हुए हैं। बालक वर्ग में कुल 31 राज्यों की टीमें शिरकत कर रही हैं। प्रविष्टियों की संख्या को देखें तो अंडर-19 श्रेणी में 305 और अंडर-17 श्रेणी में 308 खिलाड़ियों ने नामांकन कराया है। इतनी बड़ी संख्या में खिलाड़ियों का प्रबंधन आयोजकों के लिए भी एक बड़ी चुनौती है। टूर्नामेंट के प्रारूप के अनुसार टीमों को आठ समूहों में बांटा गया है, जहाँ से प्रत्येक समूह की शीर्ष दो टीमें नॉकआउट चरण में प्रवेश करेंगी। प्रतियोगिता में सोमवार को अंडर-17 बालक वर्ग के ग्रुप-स्टेज एकल मुकाबले खेले जाएंगे। इसके अगले दिन अंडर-19 और डबल्स स्पर्धाओं का आगाज होगा। मुख्य रेफरी ए.एस. क्लेर और प्रतियोगिता प्रबंधक एन. गणेशन की देखरेख में चैंपियनशिप का संचालन किया जा रहा है। टूर्नामेंट में अंतरराष्ट्रीय मानकों के उपकरणों और ब्लू बैज अंपायरों की सेवाएं ली जा रही हैं, ताकि खेल की निष्पक्षता और गुणवत्ता बनी रहे। प्रकाश/19 अप्रैल 2026