राष्ट्रीय
22-Apr-2026
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-मिसाइल परीक्षण अलर्ट और ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के अभ्यास से क्षेत्र में बढ़ी सतर्कता नई दिल्ली,(ईएमएस)। अरब सागर एक बार फिर भारत और पाकिस्तान की सैन्य गतिविधियों के कारण चर्चा में है। हाल ही में पाकिस्तान द्वारा 200 किलोमीटर क्षेत्र के लिए ‘नोटिस टू एयर मिशन’ (नोटम) जारी कर मिसाइल परीक्षण की घोषणा के बाद भारत ने भी 400 किलोमीटर के बड़े क्षेत्र के लिए अपना नोटम जारी कर रणनीतिक जवाब दिया है। पाकिस्तान ने 20 अप्रैल से 21 अप्रैल तक मिसाइल परीक्षण के लिए संबंधित क्षेत्र में हवाई और समुद्री गतिविधियों पर प्रतिबंध का अलर्ट जारी किया था। इसके जवाब में भारत ने 22 अप्रैल से 25 अप्रैल तक के लिए विस्तृत परीक्षण कार्यक्रम घोषित किया, जिससे क्षेत्र में सैन्य हलचल और बढ़ गई है। इसी बीच भारतीय सेना ने उस इलाके के करीब अपनी ताकत का प्रदर्शन करते हुए ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के तहत जल-आधारित सैन्य अभ्यास किया। इस अभ्यास में विशेष यूनिट्स ने उथले जल क्षेत्रों में तेज और सटीक ऑपरेशन कर अपनी तैयारियों का प्रदर्शन किया। अत्याधुनिक असॉल्ट बोट्स के जरिए सैनिकों ने कठिन परिस्थितियों में भी तेजी से मूवमेंट और कार्रवाई की क्षमता दिखाई। रक्षा विशेषज्ञों के अनुसार, ऐसे अभ्यास भारतीय सेना की समुद्री सीमाओं की सुरक्षा के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाते हैं। इन अभियानों का उद्देश्य न केवल सैनिकों की दक्षता बढ़ाना है, बल्कि किसी भी संभावित खतरे के प्रति त्वरित प्रतिक्रिया सुनिश्चित करना भी है। दोनों देशों द्वारा लगभग एक ही समय में जारी किए गए नोटम ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी ध्यान आकर्षित किया है। ये अलर्ट नागरिक विमानन और समुद्री यातायात को निर्धारित क्षेत्रों से दूर रहने की चेतावनी देने के लिए जारी किए जाते हैं, ताकि परीक्षण के दौरान किसी प्रकार की दुर्घटना या भ्रम की स्थिति न बने। रिपोर्ट्स के मुताबिक, भारत और पाकिस्तान द्वारा चिन्हित परीक्षण क्षेत्र एक-दूसरे की समुद्री सीमाओं के अपेक्षाकृत करीब हैं, जो इस स्थिति को और संवेदनशील बनाता है। हालांकि, दोनों देश नियमित रूप से अपनी सैन्य तैयारियों के तहत मिसाइल परीक्षण करते रहते हैं और यह अंतरराष्ट्रीय प्रोटोकॉल के तहत पूर्व सूचना देकर किया जाता है। हिदायत/ईएमएस 22अप्रैल26