अंतर्राष्ट्रीय
26-Apr-2026


वाशिंगटन,(ईएमएस)। वॉशिंगटन में आयोजित व्हाइट हाउस कॉरेस्पोंडेंट्स डिनर से ठीक पहले हुई गोलीबारी की घटना ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठा दिए हैं। कार्यक्रम वॉशिंगटन हिल्टन होटल में हो रहा था, जहां राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप अपनी पत्नी मेलानिया और उपराष्ट्रपति जेडी वेंस के साथ मौजूद थे। इस आयोजन के लि मुख्य सभागार तैयार था, जहां सैकड़ों पत्रकारों, मंत्रियों और वरिष्ठ अधिकारियों की मौजूदगी थी। जानकारी के मुताबिक, जिस बॉलरूम में राष्ट्रपति और अन्य महत्वपूर्ण लोग मौजूद थे, वहां प्रवेश के लिए हवाई अड्डे जैसी कड़ी जांच की व्यवस्था थी। सभी लोगों को सख्त तलाशी प्रक्रिया से गुजरना पड़ता है और इस हिस्से को सबसे सुरक्षित बताया जाता है। हालांकि, सुरक्षा की बड़ी कमजोरी होटल के बाकी हिस्सों में देखने को मिली। परंपरा के अनुसार, वॉशिंगटन हिल्टन को पूरी तरह बंद नहीं किया, बल्कि यह सामान्य मेहमानों के लिए खुला रहता है। सुरक्षा एजेंसियां मुख्य रूप से बॉलरूम और विशेष क्षेत्र पर ध्यान देती हैं, जबकि एंट्री पॉइंट, गलियारे और अन्य सार्वजनिक हिस्सों में प्रवेश आमतौर पर आसान रहता है। बताया जा रहा हैं कि इसी कारण हमलावर हथियार लेकर होटल के अंदर तक पहुंच गया हो सकता है। घटना के दौरान बॉलरूम के आसपास अचानक गोलियों की आवाज सुनाई दी। चश्मदीदों के मुताबिक, कई राउंड फायरिंग जैसी तेज आवाजें आईं, जिससे अंदर मौजूद लोगों में भगदड़ मच गई। इसके तुरंत बाद यूएस सीक्रेट सर्विस ने कार्रवाई कर राष्ट्रपति ट्रंप और अन्य शीर्ष नेताओं को सुरक्षित बाहर निकाला। इस दौरान विदेश मंत्री मार्को रुबियो और रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ सहित कई बड़े नेताओं को भी तुरंत सुरक्षित स्थान पर ले जाया गया। सुरक्षा बलों ने कुछ ही समय में पूरे होटल को घेर लिया और नेशनल गार्ड्स के जवानों को अंदर तैनात किया। रिपोर्ट्स के मुताबिक, हमलावर को मौके पर ही पकड़ लिया गया और किसी अन्य के घायल होने की तत्काल कोई जानकारी सामने नहीं आई। हालांकि, इस घटना ने यह साफ कर दिया कि इतने संवेदनशील कार्यक्रम में भी अगर पब्लिक एरिया खुले रहें, तब सुरक्षा में सेंध लगने का खतरा बना रहता है। आशीष दुबे / 26 अप्रैल 2026