कोरबा (ईएमएस)। औद्योगिक नगरी कोरबा में मौसम का रौद्र रूप देखने को मिला। दोपहर लगभग 3:15 बजे अचानक आए भीषण आंधी-तूफान और बादलों की गर्जना ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया। तूफान की तीव्रता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि करीब 60 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चली हवाओं ने पूरे शहर को धूल और पॉवर प्लांट की राख से सराबोर कर दिया। आसमान में छाए काले बादलों और उड़ती राख के गुबार के कारण दोपहर में ही शाम जैसा नजारा दिखने लगा। दृश्यता इतनी कम हो गई कि सड़कों पर चल रहे वाहनों के पहिए जहां के तहां थम गए। विशेष रूप से क्षेत्र में राख का इतना भारी गुबार उठा कि लोगों के घरों, ऑफिस और दुकानों के भीतर तक राख की परत जम गई। इस स्थिति से स्थानीय निवासियों को सांस लेने में कठिनाई और आंखों में जलन जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, पिछले कुछ दिनों से पड़ रही भीषण गर्मी के कारण बने कम दबाव के क्षेत्र और स्थानीय स्तर पर विकसित हुए चक्रवात की वजह से यह स्थिति निर्मित हुई है। तेज आंधी के साथ ही कई क्षेत्रों में बिजली की लाइनों पर पेड़ों की टहनियां गिरने से विद्युत आपूर्ति ठप्प हो गई। - 03 मई