- मुख्यमंत्री ने रानी कमलापति स्टेशन से सोमनाथ स्वाभिमान यात्रा के प्रथम जत्थे को दिखाई झंडी; 1,100 श्रद्धालु 21 नदियों के जल से करेंगे महादेव का अभिषेक इंदौर/भोपाल (ईएमएस)। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि सोमनाथ हमारी प्राचीन विरासत, अटूट आस्था और राष्ट्रीय स्वाभिमान का प्रतीक है। सोमनाथ इस बात का जीवंत साक्षी है कि सृजन की शक्ति हमेशा विनाशकारी शक्तियों पर प्रभावी होती है। इतिहास में 17 बार आक्रमण के बावजूद बाबा सोमनाथ का यह मंदिर आज और अधिक भव्यता के साथ खड़ा है, जो भारत के पुनरुत्थान के गौरव की गाथा कहता है। मुख्यमंत्री गुरुवार को भोपाल के रानी कमलापति रेलवे स्टेशन पर सोमनाथ स्वाभिमान यात्रा के प्रथम जत्थे को रवाना करने के अवसर पर आयोजित समारोह को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2026 मंदिर के इतिहास में विशेष महत्व रखता है, क्योंकि ठीक एक हजार वर्ष पूर्व (1026 में) इस पर पहला आक्रमण हुआ था। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में आज हम विरासत से विकास की उस यात्रा पर हैं, जहाँ सनातन संस्कृति की ध्वजा अयोध्या धाम से लेकर मथुरा और बंगाल के कालीघाट तक लहरा रही है। यह यात्रा सांस्कृतिक जागरण और राष्ट्रीय एकता को सुदृढ़ करने के संकल्प की सिद्धि का एक प्रयास है। :: डमरू की थाप पर हुआ स्वागत, भेंट किया त्रिशूल :: कार्यक्रम स्थल पर मुख्यमंत्री का स्वागत ढोल-धमाकों और डमरू की थाप के साथ किया गया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने देश की प्रमुख 21 नदियों के जल कलशों का पूजन किया। श्रद्धालुओं ने मुख्यमंत्री को शौर्य के प्रतीक स्वरूप त्रिशूल भेंट किया। डॉ. यादव ने यात्रियों को भगवा ध्वज और जल कलश सौंपे, जिनसे सोमनाथ ज्योतिर्लिंग का अभिषेक किया जाएगा। कार्यक्रम में विधायक रामेश्वर शर्मा, राहुल कोठारी सहित कई जनप्रतिनिधि उपस्थित थे। :: धार्मिक लोक और हेलिकॉप्टर सेवा से बदली तस्वीर :: संबोधन के दौरान मुख्यमंत्री ने प्रदेश में हो रहे धार्मिक सुधारों का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि महाकाल महालोक बनने के बाद उज्जैन की अर्थव्यवस्था में क्रांतिकारी बदलाव आया है। राज्य सरकार ने प्रदेश में 13 धार्मिक लोक का निर्माण कराया है। साथ ही इंदौर, उज्जैन, ओंकारेश्वर, भोपाल और ओरछा जैसे तीर्थों के लिए हेलिकॉप्टर सेवा भी शुरू की गई है, जिससे पर्यटन और रोजगार को बढ़ावा मिल रहा है। :: 1,100 श्रद्धालुओं का दल 11 मई को लौटेगा :: प्रदेश के विभिन्न अंचलों जैसे उज्जैन, सीहोर, रायसेन, विदिशा और मंदसौर से आए 1,100 श्रद्धालुओं को लेकर यह विशेष ट्रेन 8 मई को सोमनाथ पहुँचेगी। यात्रा के दौरान श्रद्धालु विभिन्न आध्यात्मिक अनुष्ठानों में भाग लेंगे और 11 मई को महादेव का आशीर्वाद लेकर वापस लौटेंगे। विधायक रामेश्वर शर्मा ने इस यात्रा को जन-जन के मन में स्वाभिमान और श्रद्धा का संचार करने वाला एक ऐतिहासिक कदम बताया। प्रकाश/07 मई 2026