देहरादून (ईएमएस)। उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में एक ठेकेदार दोस्ती का झांसा देकर छह माह तक क्रिप्टो निवेश के नाम पर लाखों रुपये की ठगी का शिकार हो गया। जुलाई 2023 से फरवरी 2024 तक चली ठगी में पीड़ित को बड़े मुनाफे का लालच दिया गया, लेकिन पीड़ित को जरा भी भनक नहीं लगी कि जिस पर भरोसा कर रहा था, वहीं मुसीबत में डाल देगा। ठगों ने ठेकेदार को रियो चेन में निवेश करने और बिटकॉइन में रकम लगाकर भारी मुनाफा कमाने का लालच दिया। उन्हें बिग डील थ्री डे चैलेंज नामक ऑनलाइन ग्रुप में जोड़ा गया, जिसका एडमिन देवराज था और सरोज मिश्रा भी इसमें शामिल थी। शुरुआत में 20 हजार रुपये के निवेश पर 60 प्रतिशत मुनाफे का वादा किया, जिसके बाद उन्हें थ्री-डे और फिर फाइव-डे ट्रेडिंग का हिस्सा बनाया गया। लगातार मिल रहे मुनाफे को देखकर पीड़ित ने इसमें बड़ी रकम लगानी शुरू कर दी। जब ठेकेदार ने अपनी जमा राशि निकालने की कोशिश की, तब ठगों ने बहाना बनाया कि उनका पैसा भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के अधिकारियों के पास है और इस पर 18 प्रतिशत जीएसटी लागू होता है, जो करीब 32 लाख रुपये बनता है। दो दिन बाद एक मैनेजर अंशुल वर्मा ने फोन करके पैसे निकालने से साफ मना कर दिया। इस घटना से पीड़ित को भारी आर्थिक नुकसान हुआ और अंततः एहसास हुआ कि ठगी का शिकार हुआ है। आशीष दुबे / 08 मई 2026