राज्य
15-May-2026


:: प्रशासनिक सख्ती : ओंकारेश्वर जाने वाले श्रद्धालुओं की भीड़ के चलते रूट डायवर्ट, वैकल्पिक मार्गों का करना होगा उपयोग :: इंदौर (ईएमएस)। शनिश्चरी अमावस्या और रविवार के अवकाश के चलते ओंकारेश्वर ज्योतिर्लिंग दर्शन व नर्मदा स्नान के लिए उमड़ने वाली श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए जिला प्रशासन ने कड़ा फैसला लिया है। इंदौर-खंडवा रोड पर यातायात का दबाव कम करने और जाम की स्थिति से बचने के लिए भारी वाहनों के प्रवेश पर अस्थायी प्रतिबंध लगा दिया गया है। कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी शिवम वर्मा ने इस संबंध में शुक्रवार देर रात आदेश जारी किए। प्रशासन द्वारा जारी आदेश के अनुसार, इंदौर-खंडवा रोड पर तेजाजी नगर चौराहे से खंडवा की ओर जाने वाले और खंडवा से इंदौर की ओर आने वाले सभी भारी मालवाहक वाहनों पर रोक रहेगी। यह प्रतिबंध 15 मई की आधी रात (12 बजे) से शुरू होकर 18 मई की सुबह 8 बजे तक प्रभावी रहेगा। चूंकि वर्तमान में इस मार्ग पर सड़क निर्माण का कार्य भी चल रहा है, ऐसे में भारी वाहनों की मौजूदगी से दुर्घटना और लंबे जाम का अंदेशा बना रहता है। :: बदला रहेगा यातायात का रूट :: प्रतिबंध की अवधि के दौरान खंडवा की ओर जाने वाले भारी वाहनों को तेजाजी नगर चौराहा बाईपास से डायवर्ट किया जाएगा। ये वाहन अब धामनोद मार्ग से होते हुए खंडवा की ओर आवाजाही कर सकेंगे। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यह व्यवस्था केवल इंदौर जिले की सीमा के भीतर लागू होगी। भारी वाहनों के लिए रूट बदलने से श्रद्धालुओं की निजी कारों, बसों और दोपहिया वाहनों को सुगम रास्ता मिल सकेगा। :: इन्हें मिलेगी प्रतिबंध से छूट :: राहत की बात यह है कि यह प्रतिबंध केवल भारी मालवाहक ट्रकों पर लागू है। यात्री बसें, कार, जीप और दोपहिया वाहन पूर्ववत संचालित होते रहेंगे। इसके अलावा आवश्यक सेवाओं से जुड़े वाहनों जैसे- दूध वाहन, नगर निगम की स्वास्थ्य सेवा, पुलिस, फायर ब्रिगेड, पानी के टैंकर, सेना के वाहन, विद्युत मंडल और कृषि उपज मंडी के आवश्यक वाहनों को इस प्रतिबंध से पूरी तरह मुक्त रखा गया है। :: जाम से बचने के लिए प्रशासन की अपील :: जिला प्रशासन ने आम नागरिकों और ट्रांसपोर्टर्स से अपील की है कि वे यातायात व्यवस्था सुचारू बनाए रखने में सहयोग करें। वाहन चालकों को वैकल्पिक मार्गों का चयन करने और यातायात नियमों का कड़ाई से पालन करने की सलाह दी गई है, ताकि ओंकारेश्वर और नर्मदा स्नान के लिए जाने वाले हजारों श्रद्धालुओं को किसी भी तरह की असुविधा का सामना न करना पड़े। प्रकाश/15 मई 2026