राज्य
25-May-2026
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:: मुसाखेड़ी सभा कक्ष में हुआ जल प्रदाय का गहन मंथन; प्रभावित क्षेत्रों में तत्काल टैंकर भेजने के निर्देश :: इंदौर (ईएमएस)। शहर में बढ़ते तापमान और गहराते जल संकट को लेकर जिला व निगम प्रशासन पूरी तरह तल्ख रुख में आ गया है। नागरिकों को ग्रीष्मकाल में निर्बाध पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए कलेक्टर शिवम वर्मा एवं नगर निगम आयुक्त क्षितिज सिंघल ने सोमवार को मुसाखेड़ी स्थित सभा कक्ष में एक आपात समीक्षा बैठक ली। बैठक में साफ चेतावनी दी गई कि पानी जैसी मूलभूत सुविधा में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी और जिम्मेदार अधिकारियों पर सीधे अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। बैठक के तुरंत बाद कलेक्टर और निगम आयुक्त ने सीधे स्काडा कंट्रोल रूम का औचक निरीक्षण किया। यहाँ उन्होंने डिजिटल स्क्रीन पर शहर की टंकियों के भरने और विभिन्न क्षेत्रों में हो रही सप्लाई का लाइव डेटा देखा तथा तकनीकी अमले को मुस्तैद रहने के निर्देश दिए। :: खाली टंकियों और टैंकर व्यवस्था पर कड़ा पहरा :: मंथन के दौरान विभिन्न जोनों में जल वितरण की वर्तमान स्थिति, टंकियों की अद्यतन रिपोर्ट और वॉटर टैंकरों के संचालन की गहन समीक्षा की गई। बैठक में सामने आया कि कई क्षेत्रों में पानी समय पर नहीं मिल रहा है। इस पर दोनों वरिष्ठ अधिकारियों ने निर्देश दिए कि जोनों में जल आपूर्ति का समय निश्चित हो और टैंकरों की उपलब्धता की सूची सार्वजनिक की जाए ताकि नागरिकों को भटकना न पड़े। :: कागजी समीक्षाओं से बाहर निकलकर मैदानी मुस्तैदी के निर्देश :: कलेक्टर शिवम वर्मा ने सख्त लहजे में कहा कि बढ़ती गर्मी में पर्याप्त पेयजल उपलब्ध कराना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने अधिकारियों को हिदायत दी कि वे केवल बंद कमरों में बैठकें न करें, बल्कि फील्ड में जाकर सतत मॉनिटरिंग करें। जहाँ भी जल संकट की स्थिति उत्पन्न हो, वहाँ बिना किसी विलंब के तत्काल टैंकरों के माध्यम से वैकल्पिक आपूर्ति सुनिश्चित की जाए। :: हाइड्रेंट संचालन में कोताही पर तय होगी जोनल जवाबदेही :: निगम आयुक्त क्षितिज सिंघल ने सभी अपर आयुक्तों को उनके आवंटित जोन क्षेत्रों में कड़े पहरे के निर्देश दिए। उन्होंने दोटूक कहा कि पेयजल टंकियों की नियमित साफ-सफाई, हाइड्रेंट संचालन और टैंकरों की सुचारू आपूर्ति में यदि कोई भी अधिकारी या कर्मचारी दोषी पाया गया, तो उस पर तत्काल प्रभाव से कड़ी कार्रवाई होगी। अब सभी जोन अधिकारियों को अपने क्षेत्रों की दैनिक रिपोर्ट सीधे कमिश्नर कार्यालय को सौंपनी होगी। प्रकाश/25 मई 2026