रायगढ़(ईएमएस)। जिले के धरमजयगढ़ क्षेत्र में शुरू हुई डिजिटल जनगणना 2027 शुरुआती चरण में ही तकनीकी खामियों और प्रशासनिक कार्रवाई को लेकर विवादों में आ गई है। छाल ग्रामीण क्षेत्र के शासकीय प्राथमिक शाला लामीखार के प्रधान पाठक एवं प्रगणक प्रदीप कुमार नायक को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। जानकारी के अनुसार, फील्ड सर्वे के दौरान मकानों की नंबरिंग और मोबाइल एप में डेटा एंट्री करते समय लगातार तकनीकी दिक्कतें सामने आ रही थीं। इसी से परेशान होकर प्रगणक ने “सेंसस छाल 2027” नामक आधिकारिक व्हाट्सएप ग्रुप में एक विस्तृत संदेश साझा किया, जिसमें उन्होंने एप की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए। शिक्षक ने आरोप लगाया कि प्रशिक्षण के दौरान दी गई जानकारी और वास्तविक एप की सुविधाओं में बड़ा अंतर है। उन्होंने यह भी कहा कि डेटा सुधार का विकल्प ठीक से काम नहीं कर रहा है, जिसके चलते प्रगणकों को बार-बार नागरिकों के घर जाना पड़ रहा है। इससे कार्य में कठिनाई के साथ-साथ आम लोगों के सामने असहज स्थिति बन रही है। उनके इस संदेश के बाद अन्य प्रगणकों ने भी एप में आ रही व्यावहारिक समस्याओं पर सहमति जताई। मामले को प्रशासन ने गंभीरता से लेते हुए इसे शासकीय मर्यादा के विपरीत माना है। तहसीलदार एवं चार्ज जनगणना अधिकारी कार्यालय छाल की ओर से कहा गया है कि राष्ट्रीय महत्व के कार्य से जुड़ी प्रक्रिया पर सोशल मीडिया या ग्रुप में इस तरह की टिप्पणी से कार्य की छवि प्रभावित होती है। इसी आधार पर शिक्षक से दो दिनों के भीतर जवाब तलब किया गया है। वहीं, प्रगणक प्रदीप कुमार नायक ने अपनी सफाई में कहा है कि उनका उद्देश्य कार्य का विरोध करना नहीं था। उन्होंने बताया कि एप में आ रही तकनीकी समस्याओं और डेटा मिसमैच के कारण मानसिक दबाव की स्थिति बनी, जिसके चलते उन्होंने यह संदेश साझा किया। उन्होंने स्पष्ट किया कि वे पूरी जिम्मेदारी और निष्ठा के साथ जनगणना कार्य को पूरा करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। सत्यप्रकाश(ईएमएस)26 मई 2026