व्यापार
10-Jun-2026


-बॉन्ड जारी कर करीब 4,000 करोड़ रुपए जुटाने की बना रही योजना नई दिल्ली,(ईएमएस)। टाटा ग्रुप की दो बड़ी इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनियां एक बार फिर बॉन्ड बाजार का रुख कर सकती हैं। टाटा स्टील और टाटा प्रोजेक्ट्स 15 महीने से ज्यादा समय के बाद कर्ज जुटाने के लिए बॉन्ड जारी करने की तैयारी में हैं। एक रिपोर्ट के मुताबिक टाटा स्टील पांच साल की अवधि वाले बॉन्ड जारी करके करीब 3,000 करोड़ जुटाने की योजना बना रही हैं। कंपनी के कुछ पुराने बॉन्ड अक्टूबर में मैच्योर होने वाले हैं, ऐसे में नए फंड जुटाने की जरूरत पड़ सकती है। वहीं टाटा ग्रुप की रियल एस्टेट और इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनी टाटा प्रोजेक्ट्स 500 करोड़ रुपए से 1,000 करोड़ के बीच रकम जुटाने पर विचार कर रही है। इसके लिए कंपनी तीन और पांच साल की अवधि वाले बॉन्ड जारी कर सकती है। मर्चेंट बैंकर के मुताबिक दोनों कंपनियों ने बाजार से पैसा जुटाने की तैयारी शुरू कर दी है। वे अभी कुछ समय और इंतजार कर रही हैं ताकि बॉन्ड पर मिलने वाली ब्याज दरें और कम हो जाएं। इससे उन्हें सस्ता कर्ज मिल सकेगा। हाल ही में आरबीआई ने अपनी नीतिगत ब्याज दरों में कोई बदलाव नहीं किया है। इसके बाद कॉरपोरेट बॉन्ड बाजार में कुछ राहत देखने को मिली है। रिपोर्ट के मुताबिक टाटा प्रोजेक्ट्स ने इस मामले पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है। वहीं टाटा स्टील ने कहा है कि उसके पास बॉन्ड जारी करने की कोई तत्काल योजना नहीं है। टाटा स्टील ने फरवरी 2025 में आखिरी बार बॉन्ड बाजार से 3,000 करोड़ जुटाए थे। उस समय कंपनी ने पांच साल के बॉन्ड 7.65 फीसदी ब्याज दर पर जारी किए थे। दूसरी तरफ, टाटा प्रोजेक्ट्स ने भी फरवरी 2025 में 500 करोड़ रुपए के बॉन्ड जारी किए थे। इन बॉन्ड की अवधि छह साल थी और इन पर 8.60 फीसदी ब्याज दर दी गई थी। अगर टाटा ग्रुप की ये कंपनियां फिर से बॉन्ड बाजार में उतरती हैं तो यह इस बात का संकेत होगा कि बड़ी कंपनियां अब ब्याज दरों में राहत का फायदा उठाकर सस्ते कर्ज के जरिए अपने कारोबार के लिए पूंजी जुटाने की तैयारी कर रही हैं। सिराज/ईएमएस 10जून26