क्षेत्रीय
11-Jun-2026
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बिलासपुर (ईएमएस)। केंद्र सरकार के समान देय तिथि से महंगाई भत्ता (डीए) सहित कर्मचारी हितों से जुड़ी 6 सूत्रीय मांगों को लेकर छत्तीसगढ़ प्रदेश तृतीय वर्ग शासकीय कर्मचारी संघ, जिला शाखा बिलासपुर एवं संबद्ध संगठनों ने मंगलवार को जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के बाद कर्मचारियों ने रैली निकालकर मुख्यमंत्री और मुख्य सचिव के नाम कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा। मोदी की गारंटी लागू करने की मांग संघ के प्रदेश अध्यक्ष पवन कुमार शर्मा और जिला अध्यक्ष किशोर शर्मा ने कहा कि राज्य सरकार को चुनावी घोषणा पत्र में किए गए वादों और मोदी की गारंटी के तहत कर्मचारियों से किए गए वचनों को शीघ्र पूरा करना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र के समान देय तिथि से महंगाई भत्ता नहीं मिलने के कारण राज्य के कर्मचारियों और पेंशनरों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है, जिससे कर्मचारियों में नाराजगी और आक्रोश बढ़ रहा है। सरकार पर भेदभाव का आरोप प्रदर्शन को संबोधित करते हुए संघ नेताओं ने कहा कि राज्य शासन ने अखिल भारतीय सेवा, विद्युत विभाग और न्यायिक विभाग के अधिकारियों को महंगाई भत्ते का लाभ दे दिया है, जबकि प्रदेश के लाखों शासकीय अधिकारियों और कर्मचारियों को इससे वंचित रखा गया है। संघ का कहना है कि एक ही राज्य में कार्यरत कर्मचारियों के साथ इस प्रकार का भेदभाव उचित नहीं है और सरकार को सभी कर्मचारियों को समान रूप से लाभ देना चाहिए। कंपोजिट बिल्डिंग से निकाली रैली भीषण गर्मी के बावजूद बड़ी संख्या में कर्मचारी पुराने कंपोजिट बिल्डिंग परिसर में एकत्र हुए। यहां सभा आयोजित कर मांगों के समर्थन में नारेबाजी की गई। इसके बाद कर्मचारियों ने रैली निकालकर कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर ज्ञापन सौंपा। सभा को प्रदेश अध्यक्ष पवन शर्मा, प्रदेश समन्वयक जी.आर. चंद्रा और जिला अध्यक्ष किशोर शर्मा सहित अन्य पदाधिकारियों ने संबोधित किया। छात्रावास अधीक्षक संघ ने भी सौंपा ज्ञापन इसी दौरान छत्तीसगढ़ राज्य स्तरीय छात्रावास अधीक्षक संघ ने भी विद्यार्थियों की शिष्यवृत्ति राशि और अनुरक्षण मद में वृद्धि की मांग को लेकर अलग से ज्ञापन सौंपा। बड़ी संख्या में कर्मचारी हुए शामिल प्रदर्शन में महेंद्र तिवारी, राजेंद्र दवे, हिमाचल साहू, अनिल सिंह, ओम त्रिपाठी, दुर्गेश साहू, प्रवीण यादव, अश्वनी पांडे, अजय धुर्वे, रामकुमार मिश्रा, विजय श्रीवास, शशिकांत सोनी, नंदकुमार साहू, विकास तिवारी, राजेश्वर वस्त्रकार, गोविंद साहू, चंद्रप्रकाश साहू, अशोक बंजारे, सोमेश्वर सिंह, चंपा डहरवाल, अभिरंजन मिश्रा, सौरभ दीवान, विनोद तिवारी, अरुण पांडे, कैलाश गजभिए, रामजी ध्रुव, मनीष तिवारी और अभिषेक तिवारी सहित बड़ी संख्या में कर्मचारी मौजूद रहे। महिला प्रतिनिधियों में मतीना बंजारे, आरती राय, रामबाई चौधरी, पूर्णिमा उपाध्याय, रेणुका बांसियार, इंदु यादव, आरती सिंह और ममता ठाकुर समेत कई कर्मचारी शामिल हुईं। कर्मचारियों की प्रमुख मांगें केंद्र के समान देय तिथि से महंगाई भत्ता लागू किया जाए। कर्मचारियों एवं पेंशनरों को आर्थिक नुकसान की भरपाई की जाए। चुनावी घोषणा पत्र में किए गए वादों को शीघ्र लागू किया जाए। कर्मचारी हितों से जुड़ी 6 सूत्रीय मांगों पर सकारात्मक निर्णय लिया जाए। कर्मचारी संघ ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर जल्द निर्णय नहीं लिया गया, तो भविष्य में आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जा सकता है। मनोज राज 11 जून 2026