राज्य
15-Jun-2026
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मुंबई, (ईएमएस)। महाराष्ट्र में 15 जून से जोरदार बारिश की उम्मीद लगाए बैठे किसानों और आम लोगों को एक बार फिर निराशा हाथ लगी है। राज्य में मानसून की प्रगति फिलहाल थम गई है, जिससे व्यापक बारिश के लिए अब 20 जून तक इंतजार करना पड़ सकता है। मानसून की देरी से किसानों की बुवाई प्रभावित हो रही है और जलाशयों के घटते जलस्तर ने चिंता और बढ़ा दी है। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, अरब सागर में मानसून की आगे बढ़ने की प्रक्रिया फिलहाल रुक गई है। अफगानिस्तान की दिशा में विकसित हुई एक मौसमीय प्रणाली के कारण मानसूनी हवाओं की गति प्रभावित हुई है, जिससे महाराष्ट्र में मानसून के प्रवेश और विस्तार में बाधा उत्पन्न हुई है। - बार-बार बदला मानसून आगमन का अनुमान इससे पहले मौसम विभाग और विशेषज्ञों द्वारा 11 जून तथा बाद में 15 जून तक महाराष्ट्र में मानसून के सक्रिय होने की संभावना जताई गई थी। हालांकि अब यह अनुमान आगे बढ़कर 20 जून तक पहुंच गया है। मानसून की इस देरी का सीधा असर कृषि गतिविधियों पर पड़ रहा है और किसान बुवाई को लेकर असमंजस की स्थिति में हैं। - बुवाई प्रभावित, किसान चिंतित राज्य के कई हिस्सों में किसान बारिश का इंतजार कर रहे हैं। समय पर पर्याप्त वर्षा नहीं होने के कारण खरीफ फसलों की बुवाई शुरू नहीं हो पा रही है। कृषि विभाग ने किसानों को सलाह दी है कि वे आधिकारिक मौसम संबंधी निर्देश मिलने तक जल्दबाजी में बुवाई न करें, ताकि बाद में दोबारा बुवाई की नौबत आने पर आर्थिक नुकसान से बचा जा सके। - एल नीनो का असर बढ़ा सकता है मुश्किलें इस वर्ष एल नीनो की सक्रियता भी चिंता का विषय बनी हुई है। प्रशांत महासागर में एल नीनो की स्थिति बनने से भारत के कई हिस्सों में सामान्य से कम वर्षा होने की आशंका जताई जा रही है। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि इसका प्रभाव महाराष्ट्र पर भी पड़ सकता है। भारतीय मौसम विभाग (आईएमडी) ने भी कुछ क्षेत्रों में औसत से कम बारिश होने की संभावना व्यक्त की है, जिससे कृषि और जल प्रबंधन से जुड़ी चुनौतियां बढ़ सकती हैं। - गर्मी और उमस से लोग परेशान महाराष्ट्र के कई क्षेत्रों में अभी भी गर्मी और उमस का असर बना हुआ है। कुछ स्थानों पर तेज हवाओं और गरज-चमक के साथ हल्की बारिश हो रही है, लेकिन इससे तापमान में कोई बड़ी राहत नहीं मिल रही। आम नागरिकों और किसानों दोनों की नजरें अब मानसून की व्यापक और लगातार बारिश पर टिकी हैं। - 20 जून के बाद बेहतर बारिश की उम्मीद मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, यदि वर्तमान मौसमीय परिस्थितियां अनुकूल रहीं तो 20 जून के बाद महाराष्ट्र के विभिन्न हिस्सों में मानसून सक्रिय हो सकता है और व्यापक वर्षा का दौर शुरू हो सकता है। तब तक किसानों को सतर्क रहने और मौसम विभाग की आधिकारिक सूचनाओं पर नजर बनाए रखने की सलाह दी गई है। संजय/संतोष झा- १५ जून/२०२६/ईएमएस