:: इंद्रपुरी और मंगल नगर के हॉस्टलों में जांच, गंदगी मिलने पर सत्कार गर्ल्स हॉस्टल को नोटिस :: इंदौर (ईएमएस)। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के मिलावटखोरों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देशों के बाद इंदौर जिला प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद हो गया है। कलेक्टर शिवम वर्मा के मार्गदर्शन में खाद्य सुरक्षा प्रशासन के संयुक्त दल ने शहर के विभिन्न छात्र-छात्राओं के हॉस्टलों और मेस में सघन जांच अभियान चलाया। जूनी इंदौर के एसडीएम घनश्याम धनगर और तहसीलदार अशोक परमार की अगुवाई में खाद्य सुरक्षा अधिकारियों की टीम ने इंद्रपुरी कॉलोनी, अहिल्यापुरी और मंगल नगर क्षेत्र के हॉस्टलों का औचक निरीक्षण किया। इस व्यापक कार्रवाई के दौरान विभिन्न छात्रावासों और खाद्य प्रतिष्ठानों से कुल 16 खाद्य पदार्थों के नमूने जांच के लिए एकत्र किए गए, जिन्हें प्रयोगशाला भेजा जा रहा है। कलेक्टर शिवम वर्मा ने स्पष्ट किया है कि हॉस्टलों में रह रहे छात्र-छात्राओं को सुरक्षित और शुद्ध भोजन उपलब्ध कराना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है और यह अभियान लगातार जारी रहेगा। :: सत्कार गर्ल्स हॉस्टल में मिली गंदगी, जांच रिपोर्ट भी गायब :: जांच दल जब इंद्रपुरी कॉलोनी स्थित सत्कार गर्ल्स हॉस्टल पहुंचा, तो वहां भोजन निर्माण और रखरखाव में भारी लापरवाही उजागर हुई। हॉस्टल के किचन और स्टोर रूम में साफ-सफाई की स्थिति बेहद असंतोषजनक पाई गई। इसके साथ ही भोजन बनाने वाले कर्मचारियों के मेडिकल फिटनेस प्रमाण पत्र मौके पर नहीं मिले और पानी की शुद्धता से जुड़ी जांच रिपोर्ट भी प्रस्तुत नहीं की गई। पूछताछ में सामने आया कि यहां बना भोजन उनके अन्य हॉस्टलों में भी सप्लाई किया जाता है। टीम ने मौके से तुअर दाल, मिक्स दाल, आटा, मिर्च पाउडर, बेसन और चावल के 06 नमूने लिए और कमियों को लेकर हॉस्टल प्रबंधन को नोटिस जारी किया जा रहा है। इसके विपरीत, अहिल्यापुरी के वीर भगत सिंह हॉस्टल से 04 नमूने और मंगल नगर के सत्कार हॉस्टल से 06 नमूने लिए गए, जहां साफ-सफाई की व्यवस्था संतोषजनक मिली। मंगल नगर और इंद्रपुरी के अन्य सत्कार हॉस्टलों के साथ ही आओ मित्रों केक शॉप का भी निरीक्षण कर संचालकों को जरूरी दिशा-निर्देश दिए गए। :: टिंकूज़ कैफे में लगी चलित प्रयोगशाला, आमजन को किया जागरूक :: विद्यार्थियों की भारी आवाजाही वाले भंवरकुआं चौराहा स्थित प्रसिद्ध टिंकूज़ कैफे पर कलेक्टर के निर्देशानुसार विशेष निरीक्षण और जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। आरबीआईएस कार्यक्रम के तहत कैफे स्टाफ को सुरक्षित भोजन निर्माण और भंडारण का प्रशिक्षण दिया गया। इस दौरान विभाग के चलित खाद्य प्रयोगशाला वाहन के माध्यम से मौके पर ही खाद्य पदार्थों की प्रारंभिक जांच कर लोगों को मिलावट पहचानने के तरीके सिखाए गए। अधिकारियों ने आमजन को व्यक्तिगत स्वच्छता, अखाद्य रंगों के दुष्प्रभावों और एक्सपायरी डेट देखकर सामान खरीदने के प्रति जागरूक किया। कलेक्टर ने अभिभावकों और छात्रों से अपील की है कि यदि किसी भी हॉस्टल, मेस या कैंटीन में अस्वच्छता या मिलावट दिखाई दे, तो तुरंत कलेक्टर हेल्पलाइन नंबर 0731-181 पर शिकायत दर्ज कराएं, जिस पर त्वरित वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। प्रकाश/15 जून 2026