क्षेत्रीय
05-Jan-2026
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- अधिकारियों को 5 दिन का अल्टीमेटम रायपुर(ईएमएस)। रायपुर पश्चिम के विधायक एवं पूर्व मंत्री राजेश मूणत विकास कार्यों की गुणवत्ता और समय-सीमा को लेकर पूरी तरह एक्शन मोड में नजर आ रहे हैं। लगातार तीसरे दिन सुबह 8 बजे से वे अपने विधानसभा क्षेत्र के सघन निरीक्षण पर निकले। उन्होंने सरोना और चंदनडीह क्षेत्र में चल रहे विकास कार्यों का जायजा लिया। इस दौरान नगर निगम की महापौर मीनल चौबे, आयुक्त विश्वदीप, लोक निर्माण विभाग और नगर निगम के वरिष्ठ अधिकारी उनके साथ मौजूद रहे। चंदनडीह में करीब 80 करोड़ रुपये की लागत से बने एसटीपी (सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट) के निरीक्षण के दौरान विधायक मूणत उस वक्त काफी नाराज हो गए, जब उन्हें जानकारी मिली कि चिंगरी नाला का गंदा और बदबूदार पानी सीधे पवित्र खारून नदी में मिल रहा है। अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए उन्होंने कहा कि करोड़ों रुपये खर्च कर एसटीपी प्लांट बनाने का क्या मतलब, जब नाले का दूषित पानी बिना शुद्धिकरण के नदी में छोड़ा जा रहा है। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि अधिकारियों की हठधर्मिता का खामियाजा जनता क्यों भुगते। विधायक मूणत ने चिंगरी नाले के पानी के शुद्धीकरण के लिए तत्काल कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश देते हुए अधिकारियों को 5 दिन का अल्टीमेटम दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि बजट की कोई कमी नहीं आने दी जाएगी और आवश्यकता पड़ी तो वे स्वयं मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री से राशि स्वीकृत कराएंगे। साथ ही लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के लिए शासन को अनुशंसा करने की चेतावनी भी दी। निरीक्षण के दौरान अमृत मिशन 2.0 के तहत भारत सरकार से स्वीकृत 9 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले भव्य उद्यान के लिए सरोना स्थित शीतला मंदिर के पीछे उपलब्ध रिक्त भूमि का भी अवलोकन किया गया। विधायक ने मौके पर ही राजस्व अधिकारियों और पटवारियों को सीमांकन कर लेआउट प्लान तैयार करने के निर्देश दिए। इसके अलावा, सरोना बस्ती में बढ़ते ट्रैफिक दबाव को कम करने के उद्देश्य से चंदनडीह से सरोना होते हुए महादेव घाट तक नए बायपास रोड के निर्माण के लिए बजट में प्रस्ताव भेजने के निर्देश भी दिए गए। ट्रेंचिंग ग्राउंड की सफाई का जायजा लेते हुए उन्होंने आयुक्त को उपमुख्यमंत्री अरुण साव की घोषणा के अनुरूप तय समय-सीमा में कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए। विधायक राजेश मूणत ने कहा, मेरा संकल्प ‘स्वच्छ और स्वस्थ पश्चिम’ है। नगर निगम की नैतिक जिम्मेदारी है कि वह जनता को शुद्ध पेयजल और प्रदूषण मुक्त वातावरण उपलब्ध कराए। यदि अधिकारियों की लापरवाही से खारून नदी प्रदूषित होती है या जनता के स्वास्थ्य पर संकट आता है, तो यह बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। विकास कार्यों में अदूरदर्शिता और सरकारी धन का दुरुपयोग किसी भी हाल में स्वीकार्य नहीं है।” निरीक्षण के दौरान महापौर मीनल चौबे, आयुक्त विश्वदीप, जोन अधिकारी, योजना शाखा के अधिकारी, भू-राजस्व निरीक्षक, पटवारी, लोक निर्माण विभाग के वरिष्ठ अभियंता और भाजपा कार्यकर्ता उपस्थित रहे। सत्यप्रकाश(ईएमएस)05 जनवरी 2026