मुंबई, (ईएमएस)। इन दिनों मुंबई समेत पूरे राज्य में 29 महानगरपालिका चुनावों का माहौल गरमाया हुआ है। मनपा चुनावों के लिए मतदान 15 जनवरी को होगी और नतीजे 16 जनवरी को घोषित किए जाएंगे। इस बीच, मुंबई मनपा चुनावों में एक अलग तस्वीर सामने आ रही है। जहां सभी राजनीतिक दल सत्ता के लिए ज़ोरदार लड़ाई में लगे हुए हैं, वहीं यह साफ़ हो गया है कि इस चुनाव में महिला उम्मीदवारों की संख्या पुरुषों से ज़्यादा है। आपको बता दें कि मुंबई मनपा चुनावों में कुल 1700 उम्मीदवार चुनाव लड़ रहे हैं। इनमें से 821 पुरुष उम्मीदवार हैं और 879 महिला उम्मीदवार हैं। मुंबई मनपा के कुल 227 वार्डों में से 114 वार्ड महिलाओं के लिए आरक्षित हैं। इसलिए, बड़ी संख्या में महिला उम्मीदवार चुनावी मैदान में उतरी हैं। * किन वार्डों में सबसे ज़्यादा महिला उम्मीदवार ? देवनार, मानखुर्द, चेंबूर और गोवंडी इलाकों में सबसे ज़्यादा 68 महिला उम्मीदवार हैं। जबकि वर्ली और प्रभादेवी इलाकों में महिला उम्मीदवारों की संख्या सबसे कम है। * प्रभाग-वार महिला उम्मीदवारों की संख्या - देवनार, मानखुर्द, चेंबूर, गोवंडी- 68, वडाला, दादर का प्रभाग, सायन- 66, धारावी, माहिम, दादर के पास के कुछ हिस्से- 59, अंधेरी पूर्व- 56, घाटकोपर- 51, भायखला, चिंचपोकली, रे रोड- 50, अंधेरी पश्चिम- 46, भांडुप- 45, मलाड- 42, मुलुंड- 37, कुर्ला- 35 एवं वर्ली, प्रभादेवी इलाका- 34 * आरक्षण का राजनीतिक दिग्गजों पर असर पिछला मुंबई मनपा चुनाव 2017 में हुआ था। मनपा का कार्यकाल खत्म होने के बाद, पिछले करीब तीन साल से मुंबई मनपा चुनाव नहीं हुए थे। इस साल पूरी तरह से नई आरक्षण के तहत मुंबई मनपा के 227 वार्डों में कई प्रमुख पूर्व नगरसेवकों को प्रभावित किया है। नए वार्ड आरक्षण लॉटरी के कारण, इस साल के चुनावों में एक ही प्रभाग में 50 प्रतिशत से ज़्यादा उम्मीदवार महिलाएं हैं। नतीजतन, मुंबई के 24 प्रभागों में से कुछ में, आरक्षण में बदलाव के अनुसार महिलाओं को उम्मीदवारी दी गई है। जबकि कुछ वार्ड खुले वार्ड हैं, फिर भी वहां महिला उम्मीदवारों को मौका दिया गया है। इस बार कुल 1700 उम्मीदवार चुनाव मैदान में हैं। इस बीच, 453 महिला उम्मीदवारों ने चुनाव से नाम वापस ले लिया है। नाम वापस लेने वाले कुल उम्मीदवारों में से 220 पुरुष और 223 महिलाएं हैं। माटुंगा, सायन और वडाला प्रभागों में, आरक्षण लॉटरी के बाद महिलाओं की संख्या बढ़कर आठ हो गई है जबकि पुरुष उम्मीदवारों की संख्या दो है। यानि 10 नगरसेवकों में से 8 महिलाएं होंगी। आरक्षण में बदलाव के कारण, अंधेरी, जोगेश्वरी और विले पार्ले पूर्व वार्डों में, कुल 15 नगरसेवकों में से 11 महिला नगरसेवक होंगी। आर मध्य बोरीवली इलाके में नगरसेवकों की संख्या 10 है। नई आरक्षण लॉटरी के बाद, इस प्रभाग में महिला उम्मीदवारों की संख्या बढ़कर 8 हो गई है। आरक्षण लॉटरी के कारण महिला नगरसेवकों की संख्या भी बढ़ी है। * भाजपा ने दी सबसे ज़्यादा महिलाओं को उम्मीदवारी आगामी मुंबई मनपा चुनावों के लिए बीजेपी द्वारा घोषित 137 उम्मीदवारों की सूची पर नज़र डालने पर साफ पता चलता है कि इस सूची में महिलाओं को महत्वपूर्ण प्राथमिकता दी गई है। बीजेपी के कुल 137 उम्मीदवारों में से 76 महिलाएं और 61 पुरुष हैं। यह संख्या अब तक मुंबई मनपा चुनावों के इतिहास में बीजेपी द्वारा महिलाओं का सबसे बड़ा प्रतिनिधित्व है। हालांकि मनपा में 50 प्रतिशत सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित हैं, लेकिन बीजेपी ने एक कदम आगे बढ़कर खुले वार्डों में भी महिला उम्मीदवारों को अवसर दिए हैं। खुले वार्डों को पारंपरिक रूप से बहुत प्रतिष्ठित और कड़ी टक्कर वाला माना जाता है। इन वार्डों में, पुरुष कार्यकर्ता जिन्हें आरक्षण का लाभ नहीं मिलता है या जो ओबीसी या अनुसूचित जनजाति कोटे में नहीं आते हैं, वे अक्सर मज़बूत दावे पेश करते हैं। ऐसी स्थिति में भी, बीजेपी का महिला उम्मीदवारों को मैदान में उतारने का फैसला महत्वपूर्ण माना जा रहा है। वहीं शिवसेना ने 91 में से 63 सीटों पर महिला उम्मीदवारों को मौका दिया है। * मुंबई मनपा चुनाव 2017: उम्मीदवारों की संख्या - कुल उम्मीदवार: 2,275 - पुरुष उम्मीदवार: 1,190 - महिला उम्मीदवार: 1,084 - 2017 के मुंबई मनपा चुनावों में, महिलाओं ने लगभग 47.6 प्रतिशत नामांकन पत्र दाखिल किए थे। वहीं 2026 के मुंबई मनपा चुनावों में यह संख्या और बढ़ गई है। स्वेता/संतोष झा- ०७ जनवरी/२०२६/ईएमएस