राज्य
15-Jan-2026


अहमदाबाद (ईएमएस)| गुजरात के मौसम में आने वाले दिनों में बड़ा उलटफेर देखने को मिल सकता है। मौसम विभाग और विशेषज्ञों के अनुसार, जनवरी के अंतिम सप्ताह में राज्य में ‘ट्रिपल सीज़न’ जैसा माहौल बन सकता है। पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से उत्तर भारत के साथ-साथ गुजरात के कई हिस्सों में बेमौसम बारिश यानी मावठा होने की प्रबल संभावना जताई जा रही है। मौसम विभाग के अनुमान के अनुसार न्यूनतम तापमान गिरकर 6 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है। विशेष रूप से नलिया और उत्तर गुजरात के सीमावर्ती इलाकों में हाड़ कंपा देने वाली ठंड पड़ेगी। जूनागढ़ के गिरनार पर्वत और आसपास के क्षेत्रों में भी पारा नीचे जाएगा। ठंड के साथ-साथ सुबह के समय घना कोहरा छाए रहने की संभावना है, जिससे हाईवे पर वाहन चालकों को दृश्यता की समस्या का सामना करना पड़ सकता है। मौसम विशेषज्ञ अंबालाल पटेल के मुताबिक, 22 जनवरी से 26 जनवरी के बीच पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से उत्तर भारत के पहाड़ी इलाकों में भारी बर्फबारी और मैदानी क्षेत्रों में बारिश होगी। इसका सीधा असर गुजरात तक पहुंचेगा। खास तौर पर कच्छ, उत्तर गुजरात और सौराष्ट्र के कुछ हिस्सों में बेमौसम बारिश की संभावना है। इसके अलावा राज्य की राजधानी गांधीनगर और अहमदाबाद में भी बादल छाए रहेंगे और छिटपुट बारिश हो सकती है। इस बेमौसम बारिश को लेकर किसानों में चिंता का माहौल है, क्योंकि रबी फसलों को नुकसान पहुंचने की आशंका जताई जा रही है। मौसम में यह बदलाव केवल जनवरी के अंत तक सीमित नहीं रहेगा। 30 जनवरी से 5 फरवरी के बीच एक और नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने की संभावना है। इस दौरान पूरे राज्य में फिर से बादल छाए रहेंगे। इस अवधि में गुजरात में केवल बारिश ही नहीं, बल्कि तेज हवाओं का असर भी देखने को मिल सकता है। हवा की गति सामान्य से अधिक रहने के कारण ठंड का असर और बढ़ जाएगा। जैसे ही पश्चिमी विक्षोभ का प्रभाव खत्म होगा, उसके तुरंत बाद उत्तर दिशा से ठंडी हवाएं गुजरात में प्रवेश करेंगी, जिससे राज्य में फिर से कड़ाके की ठंड पड़ सकती है। सतीश/15 जनवरी

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