ज़रा हटके
19-Jan-2026
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हार्वर्ड (ईएमएस)। कम समय में अत्यधिक शराब पीना, जिसे आम भाषा में बिंज ड्रिंकिंग कहा जाता है, आंतों के लिए गंभीर खतरा बन सकता है। महिलाओं के लिए लगभग दो घंटे में चार ड्रिंक और पुरुषों के लिए पांच ड्रिंक पीना बिंज ड्रिंकिंग की श्रेणी में आता है। ताजा शोध के मुताबिक, केवल एक बार इस तरह शराब पीने से भी आंत की अंदरूनी परत कमजोर हो सकती है। अध्ययन में बताया गया है कि ज्यादा शराब पीने से आंत की वह प्राकृतिक सुरक्षा प्रणाली प्रभावित होती है, जो बैक्टीरिया और जहरीले तत्वों को खून में प्रवेश करने से रोकती है। जब यह सुरक्षा परत कमजोर हो जाती है, तो आंत में छोटे-छोटे रिसाव होने लगते हैं। इस स्थिति को “लीकी गट” कहा जाता है। ऐसे में हानिकारक बैक्टीरिया और टॉक्सिन्स सीधे रक्त में पहुंच सकते हैं, जिससे शरीर में सूजन और अन्य बीमारियों की शुरुआत हो सकती है। हार्वर्ड मेडिकल स्कूल में मेडिसिन की प्रोफेसर और इस अध्ययन की मुख्य लेखिका ग्योंगी जाबो के अनुसार, पहले यह तो पता था कि लंबे समय तक अत्यधिक शराब पीने से आंत और लिवर को नुकसान होता है, लेकिन यह स्पष्ट नहीं था कि पहली ही बार या शुरुआती दौर में ज्यादा शराब पीने पर शरीर में क्या बदलाव आते हैं। इस शोध से यह साफ हुआ कि थोड़े समय के लिए भी बहुत अधिक शराब पीने से आंत में सूजन पैदा हो सकती है और उसकी सुरक्षा परत कमजोर पड़ जाती है। यही आगे चलकर शराब से जुड़ी आंत और लिवर की बीमारियों की नींव बन सकती है। यह अध्ययन हार्वर्ड मेडिकल स्कूल और अमेरिका के बेथ इजराइल डेकोनेस मेडिकल सेंटर के वैज्ञानिकों ने मिलकर किया। शोध के दौरान यह समझने की कोशिश की गई कि कम समय में ली गई ज्यादा मात्रा की शराब आंतों के अलग-अलग हिस्सों को कैसे प्रभावित करती है और इसका असर आखिरी पैग के काफी समय बाद तक क्यों बना रहता है। नतीजों में पाया गया कि बिंज ड्रिंकिंग से आंत की परत में प्रतिरक्षा कोशिकाएं जमा होने लगती हैं, जो सामान्य रूप से शरीर को कीटाणुओं से बचाने का काम करती हैं। इन कोशिकाओं में न्यूट्रोफिल नाम की इम्यून कोशिकाएं शामिल होती हैं, जो जाल जैसी संरचनाएं बनाती हैं, जिन्हें नेट्स कहा जाता है। ये नेट्स छोटी आंत के ऊपरी हिस्से को नुकसान पहुंचाती हैं और दीवार को कमजोर कर देती हैं। इसी वजह से आंत में रिसाव शुरू हो जाता है और जहरीले तत्व खून में पहुंचने लगते हैं। हालांकि, वैज्ञानिकों ने यह भी पाया कि एक विशेष एंजाइम की मदद से इन नेट्स को ब्लॉक करने पर आंत की परत में जमा प्रतिरक्षा कोशिकाओं की संख्या कम हो गई और बैक्टीरिया का रिसाव भी घटा। इससे संकेत मिलता है कि भविष्य में ऐसे उपचार विकसित किए जा सकते हैं, जो शराब से होने वाले आंत के नुकसान को कम करने में मदद करें। सुदामा/ईएमएस 19 जनवरी 2026