भोपाल(ईएमएस)। छुट्टी के दिन और मुख्यमंत्री के विदेश दौरे से पूर्व प्रशासनिक अधिकारियों के हुए तबादलों को भले ही प्रशासनिक सर्जरी का नाम दिया जा रहा हो, लेकिन वास्तव में यह उलटफेर खनन माफियाओं से सीधा कमीशन वसूली की व्यवस्था के सिवा कुछ नहीं है l मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी के राज्य सचिव जसविंदर सिंह ने प्रेस को जारी विज्ञप्ति में कहा है कि मुख्यमंत्री द्वारा आपने सचिव को खनन विभाग सौपना, यह सुनिश्चित करना है कि खनन माफियाओ से होने वाली वसूली पर सीधा मुख्यमंत्री कार्यालय का नियंत्रण होना चाहिए l इस नई व्यवस्था के बाद अवैध खनन का कारोबार और फूलेफलेगा, प्राकृतिक संसाधनों की लूट और बढ़ेगी l माकपा नेता ने कहा है कि प्रदेश में जमीन और शराब के अवैध कारोबारियों को मुख्यमंत्री कार्यालय का पहले से ही सरक्षण था, अब खनन के अवैध कारोबार के सरंक्षक भी मुख्यमंत्री ही हो गए हैं l जसविंदर सिंह ने कहा है कि मुख्य्मंत्री ने यह फेरबदल तब किया है ज़ब दूषित पानी से इंदौर में 23 लोगो की जान जा चुकी है और प्रदेश के 373 नगर निकायों में दूषित पानी सप्लाई होने की पुष्टि आधिकारिक तौर पर हो चुकी है l और अब तो यह भी साफ हो चूका है कि सरकार की प्राथमिकता जनता की जान बचाना और उन्हें स्वच्छ पानी पिलाना नहीं, बल्कि कमीशन कमाना है l मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी ने सरकार को माफियाओं के साथ सांठगांठ कर कमीशन वसूली की बजाय जन समस्याओं के सार्थक समाधान का प्रयास करना चाहिए l धर्मेन्द्र, 20 जनवरी, 2026