राज्य
20-Jan-2026


:: अपर मुख्य सचिव संजय शुक्ल करेंगे अध्यक्षता; घटना के कारणों, तकनीकी खामियों और जवाबदेही की होगी जांच :: इंदौर (ईएमएस)। इंदौर के भागीरथपुरा क्षेत्र में प्रदूषित जल आपूर्ति के कारण उत्पन्न हुई गंभीर स्थिति को राज्य शासन ने अत्यंत संवेदनशीलता से लिया है। पूरे घटनाक्रम की विस्तृत समीक्षा, कारणों का पता लगाने और दोषियों की जवाबदेही तय करने के लिए शासन ने अपर मुख्य सचिव (सामान्य प्रशासन) श्री संजय कुमार शुक्ल की अध्यक्षता में एक उच्च स्तरीय राज्य स्तरीय समिति का गठन किया है। सामान्य प्रशासन विभाग ने इस संबंध में मंगलवार को विधिवत आदेश जारी कर दिए हैं। :: तकनीकी और प्रशासनिक खामियों का होगा विश्लेषण :: समिति को भागीरथपुरा में घटित घटना के वास्तविक कारणों की जांच के साथ-साथ प्रशासनिक, तकनीकी और प्रबंधन के स्तर पर रही कमियों का सूक्ष्म विश्लेषण करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है। समिति यह भी तय करेगी कि इस लापरवाही के लिए कौन से अधिकारी और कर्मचारी जिम्मेदार हैं। इसके अलावा, भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो, इसके लिए समिति अपनी महत्वपूर्ण अनुशंसाएं और सुझाव भी देगी। :: समिति में ये होंगे शामिल :: गठित समिति में प्रमुख सचिव (लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी) पी. नरहरि और आयुक्त (नगरीय प्रशासन एवं विकास) संकेत भोडवे को सदस्य नियुक्त किया गया है। इंदौर संभाग के आयुक्त डॉ. सुदाम खाड़े को समिति का सदस्य-सचिव बनाया गया है। :: स्थल निरीक्षण और रिकॉर्ड की जांच :: जांच दल को यह अधिकार दिया गया है कि वे संबंधित विभागों से आवश्यक दस्तावेज, अभिलेख और तकनीकी प्रतिवेदन प्राप्त कर सकें। आवश्यकता पड़ने पर समिति के सदस्य स्वयं घटना स्थल का निरीक्षण भी करेंगे। शासन ने निर्देश दिए हैं कि समिति अपनी जांच रिपोर्ट यथाशीघ्र, लेकिन अधिकतम एक माह के भीतर प्रस्तुत करेगी। प्रकाश/20 जनवरी 2026