नई दिल्ली,(ईएमएस)। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा रॉबर्ट वाड्रा के खिलाफ दाखिल की गई चार्जशीट पर संज्ञान लेने को लेकर शनिवार को राऊज एवेन्यू कोर्ट में होने वाली सुनवाई टाल दी गई। अदालत ने मामले की अगली सुनवाई के लिए 26 फरवरी की तारीख तय की है। सुनवाई के दौरान ईडी ने चार्जशीट से संबंधित कुछ आवश्यक दस्तावेज दाखिल करने के लिए अतिरिक्त समय की मांग की, जिस पर कोर्ट ने नाराजगी जताई। अदालत ने ईडी को कड़ी फटकार लगाते हुए स्पष्ट किया कि जरूरी कागजात जमा करने के लिए यह एजेंसी को दिया जा रहा अंतिम अवसर है। कोर्ट ने कहा कि जांच एजेंसी को समय पर सभी औपचारिकताएं पूरी करनी चाहिए, ताकि न्यायिक प्रक्रिया में अनावश्यक देरी न हो। यह चार्जशीट ब्रिटेन स्थित डिफेंस डीलर संजय भंडारी से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में दाखिल की गई है। मामले में विदेशी संपत्तियों और कथित अवैध वित्तीय लेन-देन से जुड़े पुराने आरोपों की एक बार फिर गहन जांच की जा रही है। ईडी के अनुसार, रॉबर्ट वाड्रा का नाम संजय भंडारी से संबंधित विदेशी संपत्तियों और वित्तीय लेन-देन के संदर्भ में सामने आया है। एजेंसी का आरोप है कि इन लेन-देन में मनी लॉन्ड्रिंग के तत्व मौजूद हैं, जिनकी जांच मनी लॉन्ड्रिंग निवारण अधिनियम (पीएमएलए) के तहत की जा रही है। गौरतलब है कि ईडी की यह जांच वर्ष 2016 में संजय भंडारी के ठिकानों पर हुई आयकर विभाग की छापेमारी के बाद शुरू हुई थी। इस दौरान कथित तौर पर कुछ ईमेल और दस्तावेज बरामद किए गए थे, जिनके आधार पर जांच एजेंसियों ने रॉबर्ट वाड्रा और उनके सहयोगियों के साथ भंडारी के संबंधों की पड़ताल शुरू की। जांच पूरी होने के बाद ईडी ने रॉबर्ट वाड्रा को इस मामले में आरोपी बनाया। एक अन्य संबंधित मामले में ईडी ने अदालत को बताया कि रॉबर्ट वाड्रा को गुरुग्राम में एक विवादित जमीन सौदे से कथित तौर पर 58 करोड़ रुपये की राशि प्राप्त हुई थी। इसमें से 53 करोड़ रुपये स्काई लाइट हॉस्पिटैलिटी के माध्यम से और 5 करोड़ रुपये ब्लू ब्रीज़ ट्रेडिंग के जरिए भेजे गए थे। जांच के दौरान केंद्रीय एजेंसी ने 38.69 करोड़ रुपये मूल्य की 43 अचल संपत्तियों को अस्थायी रूप से अटैच किया है, जिन्हें अपराध की कमाई या उसके समकक्ष बताया गया है। ईडी ने जुलाई 2025 में पीएमएलए की धारा 50 के तहत रॉबर्ट वाड्रा का बयान भी दर्ज किया था। वहीं, संजय भंडारी पहले से ही विदेश में अघोषित संपत्तियां रखने और अवैध वित्तीय लेन-देन के आरोपों का सामना कर रहा है। अब मामले में 26 फरवरी को होने वाली सुनवाई पर सभी की निगाहें टिकी हुई हैं। हिदायत/ईएमएस 24जनवरी26