नई दिल्ली (ईएमएस)। आईसीसी अंडर-19 क्रिकेट वर्ल्ड कप 2026 में सुपर सिक्स राउंड की शुरुआत 25 जनवरी से होने जा रही है, लेकिन ग्रुप स्टेज में पाकिस्तान की चालबाजी ने स्कॉटलैंड की टीम को टूर्नामेंट से बाहर कर दिया। जिम्बाब्वे के खिलाफ शुक्रवार को हरारे के ताकाशिंगा स्पोर्ट्स क्लब में खेले गए मुकाबले में पाकिस्तान ने रन चेज को जानबूझकर धीमा खेला, जिससे उनका नेट रन रेट (एनआरआर) बेहतर हुआ और स्कॉटलैंड क्वालीफाई नहीं कर पाया। पाकिस्तान ने यह मुकाबला आठ विकेट से जीत लिया और लक्ष्य 181 रन 181 गेंदों में पूरा किया। हालांकि अगर पाकिस्तान ने 26वें ओवर में लक्ष्य पूरा कर लिया होता, तो स्कॉटलैंड सुपर सिक्स में जगह बना सकता था। लेकिन पाकिस्तान ने 27वें ओवर में चेज खत्म किया, जिससे जिम्बाब्वे का एनआरआर स्कॉटलैंड से बेहतर हो गया और जिम्बाब्वे ग्रुप में तीसरे स्थान पर रहा। 16वें से 25वें ओवर के बीच पाकिस्तान ने 50 डॉट बॉल खेलीं और रन चेज की रफ्तार धीमी रखी। 16वें ओवर में टीम के खाते में 96 रन थे, लेकिन अगले 10 ओवर में सिर्फ 27 रन ही बने। यह रणनीति इस लिहाज से महत्वपूर्ण थी कि ग्रुप स्टेज के एनआरआर और पॉइंट्स सुपर सिक्स राउंड में भी जुड़े रहते हैं, लेकिन केवल उन टीमों के खिलाफ के आंकड़े शामिल होते हैं जो अगले राउंड के लिए क्वालीफाई करती हैं। पाकिस्तान ने इंग्लैंड और जिम्बाब्वे के खिलाफ अपने प्रदर्शन को इस तरह मैनेज किया कि सुपर सिक्स में उनका एनआरआर बढ़ा और स्कॉटलैंड बाहर हो गया। पाकिस्तान ने स्कॉटलैंड के खिलाफ 6.5 ओवर पहले लक्ष्य हासिल किया था, लेकिन जिम्बाब्वे के खिलाफ उन्होंने 23.5 ओवर बाकी रहते जीत दर्ज की। इससे सुपर सिक्स के लिए उनका ण्नआरआर काफी मजबूत हो गया। इंग्लैंड को भी इसका नुकसान हुआ, क्योंकि अब उनका स्कॉटलैंड के खिलाफ बड़ा अंतर वाला जीत का फायदा नहीं मिलेगा। इस रणनीति से पाकिस्तान ने केवल ग्रुप में अपनी स्थिति मजबूत ही नहीं की, बल्कि यह भी सुनिश्चित किया कि सुपर सिक्स में उन्हें अधिक लाभ मिले। क्रिकेट फैंस अब इस चालबाजी पर सवाल उठा रहे हैं, लेकिन तकनीकी रूप से यह नियमों के अंतर्गत वैध रणनीति मानी जा रही है। डेविड/ईएमएस 24 जनवरी 2026