:: खाद्य मंत्री गोविंद सिंह राजपूत की अपील : निर्धारित समय में कराएं रजिस्ट्रेशन; 3186 केंद्रों पर होगी व्यवस्था :: इंदौर (ईएमएस)। रबी विपणन वर्ष 2026-27 के लिए समर्थन मूल्य पर गेहूँ उपार्जन की प्रक्रिया तय कर दी गई है। प्रदेश के किसान 7 फरवरी से 7 मार्च तक अपनी फसल बेचने के लिए पंजीयन करा सकेंगे। भारत सरकार ने इस वर्ष गेहूँ का न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) 2585 रुपये प्रति क्विंटल घोषित किया है, जो पिछले साल की तुलना में 160 रुपये अधिक है। खाद्य मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने किसानों से आग्रह किया है कि वे समय-सीमा में पंजीयन करा लें ताकि उपार्जन के दौरान किसी प्रकार की असुविधा न हो। :: यहाँ होगी पंजीयन की सुविधा :: किसानों की सुविधा के लिए कुल 3186 पंजीयन केंद्र बनाए गए हैं। व्यवस्था को दो श्रेणियों में बांटा गया है: नि:शुल्क पंजीयन : ग्राम पंचायत, जनपद पंचायत, तहसील कार्यालयों और सहकारी समितियों द्वारा संचालित केंद्रों पर नि:शुल्क पंजीयन होगा। सशुल्क पंजीयन : एमपी ऑनलाइन कियोस्क, कॉमन सर्विस सेंटर (सीएससी), लोक सेवा केंद्र और साइबर कैफे पर अधिकतम 50 रुपये शुल्क देकर पंजीयन कराया जा सकता है। :: आधार और बैंक खाता अनिवार्य :: उपार्जित फसल का भुगतान सीधे किसान के आधार लिंक बैंक खाते में किया जाएगा। पंजीयन के समय बैंक खाता नंबर और आईएफएससी कोड की जानकारी देना अनिवार्य होगा। ध्यान रहे कि संयुक्त बैंक खाते या फिनो, एयरटेल, पेटीएम जैसे पेमेंट्स बैंक खाते मान्य नहीं होंगे। बेहतर सेवा के लिए किसान अपने आधार नंबर को बैंक खाते और मोबाइल नंबर से लिंक करवाकर अपडेट रखें। :: आधार वेरिफिकेशन से होगा पंजीयन :: पंजीयन के लिए आधार नंबर का वेरिफिकेशन अनिवार्य है, जो मोबाइल ओटीपी या बायोमेट्रिक डिवाइस से होगा। भू-अभिलेख (खसरे) में दर्ज नाम और आधार कार्ड के नाम का मिलान होने पर ही पंजीयन मान्य होगा। नाम में विसंगति होने पर तहसील कार्यालय से सत्यापन कराना होगा। प्रकाश/25 जनवरी 2026