छिंदवाड़ा जबलपुर (ईएमएस)। दो माह से वेतन न मिलने से नाराज सफाई कर्मचारी तीन दिनों से हड़ताल पर थे। सफाई कर्मचारियों की हड़ताल से शहर की सफाई व्यवस्था पूरी तरह से चरमरा गई थी। शहर में जगह-जगह कचरों के ढेर लग गए थे। वहीं सडक़ों पर कचरा फैला पड़ा था। हड़ताल के तीसरे दिन भी आयुक्त व कर्मचारियों में सहमति न बनने की स्थिति में हड़ताल जारी थी। लेकिन दोपहर बाद सांसद विवेक बंटी साहू के आश्वासन के बाद कर्मचारियों ने हड़ताल समाप्त की। सांसद ने असम से आयुक्त से फोन पर चर्चा कर कर्मचारियों के वेतन जल्द से जल्द जारी करने की बात कहीं। इसके बाद सांसद ने कर्मचारियों से बात करते हुए उन्हें छिंदवाड़ा लौटते ही उनकी अन्य समस्या का शीघ्र ही निराकरण करने का आश्वासन भी दिया। सांसद बंटी विवेक साहू के आश्वासन के बाद नगर निगम के कर्मचारियों ने अपनी हड़ताल वापस ले ली है। जिसके बाद अब शुक्रवार से शहर की सफाई व्यवस्था सूचारू रूप से संचालित होगी। ठीक इसी तरह वॉल्वमैनों ने भी सांसद के आश्वासन के बाद शुक्रवार से शुरू होने वाली हड़ताल को स्थगित कर दिया है। निगम आयुक्त के कक्ष के सामने दिया धरना हड़ताल समाप्त के पहले कर्मचारियों ने आयुक्त सीपी राय के कक्ष के सामने बैठकर धरना दिया। वहीं उनसे चर्चा करने का प्रयास किया लेकिन आयुक्त कक्ष से बाहर नहीं आए। जिसकों लेकर कर्मचारियों पर भारी आक्रोश भी नजर आया। कर्मचारियों ने आयुक्त के खिलाफ जमकर नारेबाजी भी की। एक घंटो तक कर्मचारियों ने कक्ष के बाहर धरना दिया लेकिन आयुक्त ने कर्मचारियों से बाहर आकर मुलाकात नहीं की। आयुक्त व कर्मचारियों से चर्चा करेंगे सांसद श्रमजीवी सफाई कर्मचारी संघ के अध्यक्ष नीरज गोदरे ने बताया है कि सांसद के आश्वासन के बाद हड़ताल समाप्त कर दी गई है। सांसद ने आश्वासन दिया है कि वह वर्तमान में असम प्रचार के लिए गए हुए है। वह ८ फरवरी को लौटकर आएंगे तब निगम कार्यालय में आयुक्त व कर्मचारियों से चर्चा कर सभी मांगों का निराकरण करेंगे। कर्मचारी संघ ने दो माह के वेतन के साथ साथ विनियमित, दैनिक वेतन भोगी सफाई कर्मचारियों को वरिष्ठता के आधार पर रिक्त चतुर्थ श्रेणी के पदों पर नियुक्त करने, व अनुबंधित को वरिष्ठता के आधार पर रिक्त संविदा पदो पर भर्ती करने की मांग रखी गई है। आंदोलन में दिखी राजनीति कर्मचारी दो माह से वेतन के लिए परेशान हो रहे है। वहीं संघ के कुछ पदाधिकारी आंदोलन के दौरान अपनी राजनीति रोटिया सेकते नजर आए। जिसकों लेकर कर्मचारियों में जमकर आक्रोश नजर आए। कुछ कर्मचारियों ने तो आंदोलन में इस बात का खुलकर विरोध भी किया। दरअसल कर्मचारी दो माह का वेतन चाहाते थे। लेकिन संगठन के पदाधिकारी ने आयुक्त से चर्चा के पश्चात केवल एक माह का वेतन वह भी पंाच से सात दिनों में लेने की सहमति पर हड़ताल समाप्ति की घोषणा कर दी। जिसकों लेकर कर्मचारियों पर भारी आक्रोश नजर आया। कर्मचारियों ने दूसरे वरिष्ठ नेता के साथ मिलकर फिर हड़ताल शुरू कर दी। हालांकि शाम तक समझाईस के बाद हड़ताल को समाप्त किया गया। २३२ कर्मचारियों को दिया गया वेतन नगर निगम ने गुरूवार को २३२ कर्मचारियों का वेतन जारी किया है। निगम ने २३ लाख ७७ हजार का वेतन जारी किया है। वहीं ३२ लाख का वेतन सफाई कर्मचारियों का शेष है। वहीं बताया जा रहा है कि सामान्य कर्मचारी सहित अन्य कर्मचारियों का कुल ८० से ८५ लाख रूपए वेतन बकाया है। यह वेतन दिसंबर माह का है। जोकि दो तीन दिनों में बारी बारी से जारी किया जाएगा। ईएमएस / 05/02/2026