राज्य
14-Feb-2026


नई दिल्ली (ईएमएस)। राजधानी 16 फरवरी से शुरू होने वाले एआई समिट की तैयारियों में जुटी है। इसमें देश-विदेश से मेहमान दिल्ली पहुंचेंगे, जिससे होटल बुकिंग पर जबरदस्त दबाव बना हुआ है। ऐसे में दिल्ली के पांच सितारा होटलों में कमरों का किराया 60 हजार रुपये प्रति रात से ऊपर पहुंच गया है। कुछ लग्जरी सुइट्स के लिए लाखों रुपये प्रति रात तक किराया है। जिन चार सितारा होटलों में सामान्य दिनों में करीब 6 हजार रुपये में कमरा मिल जाता है, वहां भी अब 30 हजार रुपये या उससे अधिक वसूले जा रहे हैं। अचानक बढ़ी इन दरों से यात्रियों और आम लोगों में नाराजगी है। आम लोगों के मुताबिक, यह मुनाफाखोरी है। बड़े आयोजनों के बहाने होटल संचालक बहुत ज्यादा पैसे वसूल रहे हैं। फिलहाल होटल किराये के लिए कोई तय सीमा नहीं है। इस कारण हर बड़े आयोजन के समय कीमतों में तेज उछाल देखने को मिलता है। यह पहली बार नहीं है जब किसी बड़े कार्यक्रम से पहले होटल दरें बढ़ी हों। पिछले साल मुंबई में डीवाई पाटिल स्टेडियम के पास कोल्डप्ले के शो के दौरान तीन रातों के लिए 5 लाख रुपये तक वसूले गए थे। देश के 307 जिलों में किए गए एक सर्वे में 34,000 से ज्यादा लोगों ने हिस्सा लिया। इसमें 57 प्रतिशत लोगों ने माना कि पिछले तीन साल में उनसे कम से कम एक बार होटल में ज्यादा किराया वसूली गई। 71 प्रतिशत लोगों ने बताया कि होटल किराये पर सीमा तय होनी चाहिए। वहीं, 49 प्रतिशत लोगों का मानना है कि अधिकतम किराया सामान्य दर से दो गुना से ज्यादा नहीं होना चाहिए। 74 प्रतिशत लोगों ने सरकार से मुनाफाखोरी की शिकायतों के लिए अलग नियामक संस्था बनाने की मांग की। इनमें से 39 प्रतिशत पर्यटन मंत्रालय के तहत रेगुलेटर चाहते हैं, 22 प्रतिशत प्रतिस्पर्धा आयोग से निगरानी की मांग कर रहे हैं और 13 प्रतिशत केंद्रीय उपभोक्ता संरक्षण प्राधिकरण को यह जिम्मेदारी देने के पक्ष में हैं। अजीत झा/देवेन्द्र/नई दिल्ली/ईएमएस/14/फरवरी/2026