- जल, दूध और बेलपत्र चढ़ाकर की पूजा अर्चना- खिचड़ी का प्रसाद बांटा गया ब्यावरा(ईएमएस) नगर में महाशिवरात्रि का पर्व पूरी श्रद्धा और भक्ति के साथ मनाया गया। सुबह से ही शहर के शिवालयों में श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लगी रहीं। भक्तों ने जल, दूध, बेलपत्र और धतूरा चढ़ाकर भगवान भोलेनाथ का अभिषेक किया और सुख-समृद्धि की कामना की। शहर के बस स्टैंड स्थित शिवालय, अंजनीलाल मंदिर और राधाकृष्ण मंदिर में विशेष सजावट की गई थी। दिनभर हर-हर महादेव के जयकारों से वातावरण गूंजता रहा। अंजनीलाल मंदिर में भजनों का आयोजन किया गया और भक्तों को खिचड़ी का प्रसाद भी बांटा गया। नाथ योगियों की तपोस्थली माने जाने वाले प्राचीन पशुपतिनाथ मंदिर घूरेल में करीब 5 हजार श्रद्धालुओं ने दर्शन किए। इस मंदिर का इतिहास वर्ष 1711 से जुड़ा है, जहां वर्तमान में अंतिम नाथ योगी सुजान नाथ के वंशज बद्रीनाथ पूजा करते हैं। मंदिर परिसर की गुफा में स्थित शिवालय की यह विशेषता है कि वहां हर मौसम में तापमान एक समान रहता है, जो लोगों की आस्था का मुख्य केंद्र है। - घोघराघाट पर भी रही भारी भीड़ प्राचीन शिवालय घोघराघाट में भी बड़ी संख्या में भक्तों ने पहुंचकर अभिषेक किया। महाशिवरात्रि के मौके पर देर रात तक मंदिरों में जागरण और भजन-संध्या जैसे धार्मिक कार्यक्रमों का सिलसिला जारी रहा। पूरे शहर में चारों ओर भक्तिमय माहौल बना रहा। -निखिल /ब्यावरा/15/2/2026