- केदारनाथ में तीसरी बार भी डिजिटल दर्शन गुना (ईएमएस) । फाल्गुन मास की कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी यानी महाशिवरात्रि के पावन पर्व पर आज समूचा गुना जिला शिवमय हो गया है। तडक़े सुबह से ही मंदिरों में बजते घंटे-घडिय़ालों और ओम नम: शिवाय के मंत्रोच्चार ने वातावरण में आध्यात्मिक ऊर्जा भर दी है। शहर के प्रमुख चौराहों से लेकर ग्रामीण अंचलों की पगडंडियों तक, हर रास्ता शिवालयों की ओर मुड़ता दिखाई दे रहा है। कहीं शिव बारात का उल्लास है, तो कहीं पालकी यात्रा की भव्यता, भक्ति के इस महापर्व में श्रद्धा और परंपरा का अद्भुत संगम देखने को मिल रहा है। केदारनाथ धाम, आस्था भारी, पर चट्टानों का पहरा जारी जिले के सबसे प्राचीन और सिद्ध स्थल केदारनाथ धाम में इस बार भी महाशिवरात्रि पर मिश्रित भावनाएं देखने को मिलीं। एक ओर जहां हजारों की संख्या में श्रद्धालु बाबा के दरबार में हाजिरी लगाने पहुँचे, वहीं दूसरी ओर उन्हें लगातार तीसरे वर्ष भी मुख्य गुफा और शिवलिंग के प्रत्यक्ष दर्शनों से वंचित रहना पड़ा। सुरक्षा कारणों और चट्टानों के खिसकने के खतरे के चलते प्रशासन ने इस बार भी स्क्रीन के माध्यम से डिजिटल दर्शन की व्यवस्था की। ज्ञात हो कि विगत तीन वर्षों से सीढिय़ों से सटी पहाडय़िों की अस्थिरता के कारण गुफा को बंद रखा गया है। हालांकि, जनभावनाओं को देखते हुए बमोरी विधायक ऋषि अग्रवाल ने हाल ही में विधानसभा में इस मुद्दे को प्रमुखता से उठाया था, लेकिन धरातल पर अब तक कोई ठोस समाधान न होने से भक्तों और साधु-संतों में थोड़ी मायूसी जरूर दिखी। इसके बावजूद आस्था का आलम यह था कि श्रद्धालुओं ने स्क्रीन पर ही शीश नवाकर अपनी मन्नतें मांगीं। धुंधपालेश्वर महादेव, गढ़ा में उमड़ा श्रद्धा का जनसमुद्र ग्राम गढ़ा स्थित प्राचीन धुंधपालेश्वर महादेव शिव गुफा पर आज विशेष रौनक देखने को मिली। सेवा समिति द्वारा पूरे गुफा परिसर को फूलों और विद्युत लडिय़ों से सजाया गया है। बीती रात यहाँ जागरण और भजन-कीर्तन का आयोजन हुआ, जिसमें श्रद्धालुओं ने रात भर जागकर महादेव की स्तुति की। यहाँ की परंपरा के अनुसार आज गढ़ा बस स्टैंड से भगवान भोलेनाथ की भव्य पालकी यात्रा निकाली गई। ढोल-नगाड़ों और अखाड़ों के प्रदर्शन के साथ शुरू हुई यह यात्रा गांव के मुख्य मार्गों से होते हुए शाम को गुफा परिसर पहुँचेगी। समिति द्वारा भक्तों के लिए खीर का विशेष प्रसाद वितरित किया गया, जो दिनभर अनवरत जारी रहा। शिव गुफाओं और शिवालयों में दर्शन का तांता जिले की अन्य प्रमुख प्राकृतिक शिव गुफाओं—गादेर और मालपुर में भी सुबह से ही लंबी कतारें लगी रहीं। शहर की बात करें तो पशुपतिनाथ महादेव मंदिर, जिला अस्पताल स्थित शिवालय, पंचमुखी महादेव और हनुमान चौराहा स्थित मंदिरों में जलाभिषेक के लिए भक्तों का सैलाब उमड़ पड़ा। महिलाओं और बच्चों ने भी उत्साह के साथ भगवान शिव का भांग-धतूरे और पंचामृत से अभिषेक किया। सेवा और भक्ति का अनूठा संगम शहर भर में जगह-जगह सामाजिक संगठनों और धर्मप्रेमियों द्वारा फलाहारी प्रसाद के स्टाल लगाए गए हैं। कहीं साबूदाने की खिचड़ी तो कहीं ठंडाई का वितरण कर भक्तों की सेवा की जा रही है। मंदिरों में अखंड रामायण पाठ और विशेष भंडारों का दौर भी जारी है। सुरक्षा की दृष्टि से पुलिस प्रशासन भी मुस्तैद रहा, विशेषकर उन स्थानों पर जहाँ भीड़ अधिक थी। -सीताराम नाटानी