क्षेत्रीय
16-Feb-2026


मप्र ग्रामीण बैंक खरगोन शाखा ने दायर किया था परिवाद खरगोन (ईएमएस)। चेक अनादर मामले में न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी रोहित कुमार ने अभियुक्त सुरेश वर्मा निवासी नया नगर भसनेर को दो साल की सजा के साथ ही चेक राशि मय ब्याज के चुकाने के आदेश से दंडित किया है। ऋण लिमिट राशि एवज में दिया था चेक। अधिवक्ता सुधीर कुलकर्णी ने बताया कि अभियुक्त सुरेश के विरुद्ध मप्र ग्रामीण बैंक शाखा बिस्टान रोड़ खरगोन से वर्ष 2018 में ईट निर्माण व्यवसाय के लिए 8 लाख का ऋण लिया था। अभियुक्त को उक्त राशि मय ब्याज चुकानी थी। समय सीमा के बाद जब 14 मई 2024 को बैंक द्वारा उक्त राशि का चेक बैंक में प्रस्तुत किया तो बैंक खातें में अपर्याप्त राशि होने से चेक अनादरण हो गया। इसकी सूचना देने के बाद भी अभियुक्त ने चेक राशि का भुगतान नही किया। जिसके बाद में शाखा प्रबंधक शिवकुमार तंवर ने न्यायालय में परिवाद दायर किया। बैंक द्वारा ऋण लिमिट बढ़ाने संबंधी दस्तावेज प्रस्तुत किए, जिसके विचारण उपरांत न्यायालय ने अभियुक्त को 138 परक्राम्य लिखत अधिनियम 1881 के अपराध में दोषी पाते हुए 2 वर्ष के सश्रम कारावास एवं चेक राशि 5 लाख 40 हजार 361 तथा उक्त राशि पर 9 प्रतिशत वार्षिक ब्याज दर से 85 हजार 107 रुपएए न्यायालय शुल्क 22 हजार 220 रुपए और 4 हजार रूपए वाद व्यय सहित 6 लाख 51 हजार 688 रुपए प्रतिकर अधिरोपित किया है। प्रतिकर की राशि अदा न करने पर 60 दिवस अतिरिक्त सश्रम कारावास भुगतना होगा। ईएमएस/मोहने/ 16 फरवरी 2026