- श्री वानखड़े गिरदावरी के कार्य में जो पटवारी कार्य में लापरवाही बरत रहे हैं उन पर की जाए कार्यवाही दतिया ( ईएमएस ) \ कलेक्टर स्वप्निल वानखड़े की अध्यक्षता में आज सोमवार को न्यू कलेक्ट्रेट कार्यालय के सभाकक्ष में समय-सीमा बैठक आयोजित की गई। बैठक में विभिन्न विभागों के लंबित प्रकरणों की गहन समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी प्रकरणों का निराकरण निर्धारित समय-सीमा में गुणवत्ता के साथ किया जाए। बैठक में सीएम हैल्प लाईन के लंबित प्रकरणों की विभागवार समीक्षा की गई। कलेक्टर ने निर्देशित किया कि शिकायतों का निराकरण केवल औपचारिकता न हो, बल्कि आवेदक की संतुष्टि सुनिश्चित की जाए। निराकरण में लापरवाही पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी। उन्होंने गिरदावरी, नामांतरण एवं बटवारा जैसे राजस्व प्रकरणों की प्रगति की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने कहा कि आम नागरिकों से जुड़े इन मामलों में अनावश्यक विलंब स्वीकार्य नहीं है। लंबित प्रकरणों को प्राथमिकता से निराकृत किया जाए। जो पटवारी गिरदावरी के कार्य में लापरवाही कर रहे हैं उन पर कार्यवाही की जाए। बैठक में संकल्प से समाधान अभियान के अंतर्गत प्राप्त आवेदनों की प्रगति की समीक्षा की गई। साथ ही पट्टा वितरण एवं सर्वे कार्य को समयबद्ध रूप से पूर्ण करने के निर्देश दिए गए। बैठक में पीएम स्वनिधि योजना के तहत हितग्राहियों को लाभ वितरण की स्थिति की समीक्षा की गई। आधार-समग्र ई-केवाईसी कार्य में शत-प्रतिशत लक्ष्य प्राप्त करने के निर्देश दिए गए। बैठक में मध्यप्रदेश लोकसेवा गारंटी अधिनियम अंतर्गत समय-सीमा में प्रकरण दर्ज कर उनका निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। एएनसी रजिस्टर्ड समग्र रिपोर्ट, अवमानना (कंटेप्ट) प्रकरणों तथा अंतरविभागीय मुद्दों की भी विस्तार से समीक्षा की गई। कलेक्टर श्री वानखड़े ने कहा कि शासन की प्राथमिकता है पारदर्शी, जवाबदेह और समयबद्ध प्रशासन। लापरवाही किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी अधिकारी अपने दायित्वों का निर्वहन गंभीरता एवं संवेदनशीलता के साथ करें, ताकि आमजन को त्वरित और प्रभावी सेवाएं मिल सकें। बैठक के दौरान अपर कलेक्टर महेन्द्र सिंह कवचे, संयुक्त कलेक्टर श्रीमती श्रृति अग्रवाल, लोकेन्द्र सिंह सहित सभी जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।