खेल
07-Mar-2026


नई दिल्ली (ईएमएस)। टीम इंडिया एक बार फिर अपनी सरजमीं पर विश्व कप का फाइनल खेलने के करीब है। साल 2011 में भारत ने घरेलू मैदान पर विश्व कप जीतकर इतिहास रचा था, लेकिन 2023 के वनडे विश्व कप फाइनल में टीम को हार का सामना करना पड़ा था। अब भारत टी20 विश्व कप का फाइनल भी अपने ही देश में खेलने जा रहा है। ऐसे में घरेलू मैदान पर खेलने का फायदा कितना मिलता है, इस पर पूर्व भारतीय क्रिकेटर पीयूष चावला ने अपनी राय रखी है। उनका मानना है कि जब पूरा देश आपके पीछे खड़ा हो, तो खिलाड़ियों को अतिरिक्त प्रेरणा मिलती है। एक कार्यक्रम में बातचीत करते हुए चावला ने पहले संजू सैमसन की बल्लेबाजी की सराहना की। उन्होंने कहा कि एक क्रिकेटर ऐसे ही पलों के लिए खेलता है। वेस्टइंडीज के खिलाफ मुकाबला लगभग क्वार्टर फाइनल जैसा था और उस मैच में संजू सैमसन ने दबाव की स्थिति में 195 रनों का लक्ष्य हासिल करने में अहम भूमिका निभाई। चावला के मुताबिक, सैमसन ने जिस अंदाज में बल्लेबाजी की, उससे लक्ष्य आसान नजर आने लगा। उन्होंने कहा कि यही उनकी बल्लेबाजी की खूबसूरती है। इसके बाद इंग्लैंड के खिलाफ भी सैमसन ने आक्रामक अंदाज में खेलते हुए हर गेंद पर रन बनाने की कोशिश की। चावला ने यह भी कहा कि वानखेड़े स्टेडियम की पिच बल्लेबाजों को काफी मदद देती है, जिसका फायदा सैमसन ने उठाया। घरेलू मैदान पर आईसीसी टूर्नामेंट का फाइनल खेलने को लेकर चावला ने कहा कि खिलाड़ियों के लिए सबसे जरूरी है अपने जज्बातों को नियंत्रित करना और मैदान पर खुद को खुलकर व्यक्त करना। उन्होंने बताया कि जब लाखों लोग उम्मीद करते हैं कि टीम जीतेगी और आपको फेवरेट माना जाता है, तो इससे दबाव भी बढ़ जाता है। लेकिन खिलाड़ियों को इन बातों को अलग रखकर अपने खेल पर ध्यान देना चाहिए। चावला के अनुसार जब खिलाड़ी मैदान पर उतरते हैं और पूरा स्टेडियम उनके समर्थन में चीयर करता है, तो वह पल उन्हें खास ऊर्जा देता है। इससे खिलाड़ियों के अंदर कुछ अलग और खास करने की भावना पैदा होती है। उन्होंने कहा कि जब हर खिलाड़ी यही सोचता है कि उसे टीम के लिए कुछ खास करना है, तब पूरी टीम एकजुट होकर मजबूत बन जाती है। उनके मुताबिक यह सिर्फ मैदान पर खेलने वाले 11 खिलाड़ियों की बात नहीं होती, बल्कि टीम के बाकी खिलाड़ी और सपोर्ट स्टाफ भी उसी ऊर्जा का हिस्सा बन जाते हैं। जब पूरी टीम और सपोर्ट स्टाफ एक साथ एक लक्ष्य के लिए काम करते हैं, तो वह एक मजबूत ताकत में बदल जाता है। डेविड/ईएमएस 07 मार्च 2026