09-Mar-2026
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- भारत की प्रमुख गैस कंप‎नियां घरेलू उपभोक्ताओं को प्राथमिकता देने की कर रही तैयारी नई ‎दिल्ली (ईएमएस)। मध्य-पूर्व में बढ़ते सैन्य तनाव और वैश्विक ऊर्जा बाजार में अस्थिरता के बीच देश में पेट्रोल, डीजल और एलपीजी गैस की उपलब्धता को लेकर चिंताएं बढ़ने लगी हैं। ऊर्जा क्षेत्र से जुड़े सूत्रों के अनुसार मौजूदा हालात को देखते हुए देश की प्रमुख गैस कंपनियां घरेलू उपभोक्ताओं को प्राथमिकता देने की दिशा में कदम उठा रही हैं। बताया जा रहा है कि कई स्थानों पर कमर्शियल गैस सिलेंडरों की सप्लाई में कमी देखने को मिल रही है। विशेष रूप से 5, 19 और 425 किलोग्राम वाले जंबो कमर्शियल सिलेंडरों की आपूर्ति प्रभावित होने की चर्चा है, जिससे होटल, रेस्टोरेंट, छोटे व्यापारिक प्रतिष्ठान और औद्योगिक इकाइयों की चिंता बढ़ गई है। गैस कंपनियों के प्लांट्स पर सिलेंडर भरवाने के लिए वाहनों की लंबी कतारें लगने की जानकारी भी सामने आ रही है। डीलरों का कहना है कि उन्हें सीमित कोटा ही उपलब्ध कराया जा रहा है, जिसके कारण सप्लाई व्यवस्था पर दबाव बढ़ता जा रहा है। वहीं केंद्रीय पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय की ओर से संकेत दिए गए हैं कि घरेलू रसोई गैस उपभोक्ताओं की आपूर्ति को हर हाल में सुचारू बनाए रखने के लिए कुछ नए नियम और शर्तें लागू की जा सकती हैं। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि आम लोगों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि वैश्विक हालात लंबे समय तक तनावपूर्ण बने रहते हैं तो इसका असर व्यापारिक और औद्योगिक गतिविधियों पर पड़ सकता है। ऐसे में रोजगार और आर्थिक गतिविधियों पर भी दबाव बढ़ने की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता। हालांकि सरकार और ऊर्जा कंपनियां स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं और आपूर्ति व्यवस्था को संतुलित रखने के प्रयास जारी हैं। सतीश मोरे/09मार्च ---