:: महिला दिवस के उपलक्ष्य में नर्मदा गजानन सिद्धपीठम बहुउद्देशीय सेवा फाउंडेशन द्वारा आयोजित सम्मान समारोह में मातृशक्ति का वंदन :: इंदौर (ईएमएस)। अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर मातृशक्ति के सम्मान में शहर के टैगोर मार्ग स्थित हिंदी साहित्य समिति के सभागृह में एक विशेष आयोजन किया गया। श्री नर्मदा गजानन सिद्धपीठम बहुउद्देशीय सेवा फाउंडेशन द्वारा आयोजित इस गरिमामयी कार्यक्रम में ग्रामीण अंचलों और बस्तियों में निस्वार्थ सेवा कार्य करने वाली महिलाओं को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि विधायक श्रीमती मालिनी गौड़ और विशेष अतिथि केन्द्रीय जेल अधीक्षक श्रीमती अलका सोनकर थीं। समारोह में वरिष्ठ समाजसेवी ला. मंजू मंडलोई को उनके द्वारा ग्रामीण क्षेत्रों और झुग्गी-बस्तियों में किए गए श्रेष्ठ सेवा कार्यों के लिए लाइफटाइम अचीवमेंट अवार्ड से नवाजा गया। उन्हें प्रशस्ति पत्र और स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया। :: सेवाभावी महिलाओं का अभिनंदन :: संस्था के संस्थापक एम स्वामी कामले और डॉ. धीरज ने बताया कि मंजू मंडलोई के साथ ही समाज में विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान देने वाली अन्य महिलाओं को भी सम्मानित किया गया। इनमें प्रमुख रूप से श्रीमती शालिनी शर्मा, मोनिका शर्मा, अंतरा करवड़े, शीतल राय, सोनाली यादव, डॉ. पूर्वी निमगांवकर, नगीना यादव एवं सुषमा दुबे शामिल हैं। :: मातृशक्ति राष्ट्र की आधारशिला : मालिनी गौड़ इस अवसर पर विधायक मालिनी गौड़ और श्रीमती अलका सोनकर ने सेवाभावी महिलाओं के कार्यों की मुक्त कंठ से सराहना की। उन्होंने कहा कि परिवार, समाज और राष्ट्र का निर्माण मातृशक्ति के बिना संभव नहीं है। वर्तमान में महिलाओं ने सेवा के हर क्षेत्र में कीर्तिमान स्थापित कर पुरुष सत्ता को भी पीछे छोड़ दिया है। उन्होंने कहा कि इन महिलाओं के प्रकल्प न केवल प्रेरणादायक हैं, बल्कि समाज के अंतिम छोर पर बैठे व्यक्ति के जीवन में बदलाव लाने वाले हैं। कार्यक्रम की शुरुआत मां सरस्वती के पूजन के साथ हुई। बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिकों और सामाजिक कार्यकर्ताओं की उपस्थिति में सभी सम्मानित महिलाओं को उनके सेवा कार्यों के लिए प्रोत्साहित किया गया। प्रकाश/13 मार्च 2026