:: जयपुर में मुख्यमंत्री डॉ. यादव का आह्वान - मध्यप्रदेश में बेहिचक निवेश कीजिए, सरकार देगी फुल सपोर्ट :: जयपुर/इंदौर (ईएमएस)। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शनिवार को जयपुर में आयोजित इन्वेस्टमेंट अपॉर्च्युनिटीज इन मध्यप्रदेश सत्र में राजस्थान के दिग्गज निवेशकों को देश के दिल (मध्यप्रदेश) में निवेश का खुला न्यौता दिया। उन्होंने एक नया विजन पेश करते हुए कहा कि मध्यप्रदेश और राजस्थान केवल पड़ोसी राज्य नहीं, बल्कि जुड़वा भाइयों की तरह हैं। उन्होंने आह्वान किया कि राजस्थान की अद्भुत उद्यमशीलता और मध्यप्रदेश की असीम संसाधन क्षमता मिलकर सेंट्रल इंडिया को देश का सबसे बड़ा औद्योगिक केंद्र (इंडस्ट्रियल पॉवर सेंटर) बनाएगी। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट शब्दों में भरोसा दिलाया - मध्यप्रदेश में बेहिचक निवेश कीजिए, सरकार आपको हर कदम पर फुल सपोर्ट देगी। मुख्यमंत्री ने पार्वती-कालीसिंध-चंबल राष्ट्रीय नदी जोड़ो परियोजना को ऐतिहासिक बताते हुए कहा कि 1 लाख करोड़ रुपये की यह योजना दोनों राज्यों की तस्वीर और तकदीर बदल देगी। उन्होंने भावुक होते हुए कहा कि हमारे बीच रोटी-बेटी का संबंध तो सदियों से था ही, अब इस परियोजना से पानी का अटूट संबंध भी बन गया है। इस योजना की 90 प्रतिशत लागत केंद्र सरकार वहन कर रही है, जो सहकारी संघवाद का एक उत्कृष्ट उदाहरण है। :: देश की सोलर एनर्जी कैपिटल बनता मध्यप्रदेश :: डॉ. यादव ने गौरव के साथ बताया कि मध्यप्रदेश अब सिर्फ बिजली सरप्लस राज्य नहीं है, बल्कि देश की ग्रीन, क्लीन एंड सोलर एनर्जी कैपिटल के रूप में उभर रहा है। उन्होंने जानकारी दी कि मध्यप्रदेश की बिजली से आज दिल्ली की लाइफलाइन (मेट्रो) संचालित हो रही है। उन्होंने बड़ी घोषणा करते हुए कहा कि नर्मदापुरम के बाबई-मोहासा में देश का पहला रिन्यूएबल एनर्जी इक्विपमेंट मैन्युफैक्चरिंग ज़ोन विकसित किया जा रहा है, जो अक्षय ऊर्जा के क्षेत्र में क्रांति लाएगा। :: निवेश के लिए मध्यप्रदेश की 5 बड़ी सौगातें :: नियमों का सरलीकरण : राज्य में 26 प्रकार की नई नीतियां पहले से प्रभावी हैं। जल्द ही स्पेस और एआई सेक्टर के लिए भी विशेष पॉलिसी लाई जाएगी। सस्ती बिजली और जमीन : उद्योगों के लिए मात्र 4 रुपये प्रति यूनिट की बिजली दर। अस्पताल और मेडिकल कॉलेज खोलने के लिए 1 रुपये की लीज पर जमीन उपलब्ध कराई जा रही है। भारी बजट प्रावधान : उद्योगों के प्रोत्साहन के लिए 6,104 करोड़ और बुनियादी ढांचे (इंफ्रास्ट्रक्चर) के विकास के लिए 1 लाख करोड़ रुपये का विशाल प्रावधान किया गया है। डिजिटल सिंगल विंडो : इन्वेस्ट एमपी 3.0 पोर्टल को देश के सबसे आधुनिक डिजिटल प्लेटफॉर्म के रूप में विकसित किया गया है, जहाँ निवेशकों को एक ही जगह से सभी अनुमतियाँ मिलती हैं। एविएशन और पर्यटन : नई एविएशन पॉलिसी के तहत प्रति फ्लाइट 15 लाख रुपये तक की मदद और पीएमश्री हेली सेवा से पर्यटन को नई ऊँचाई दी जा रही है। :: औद्योगिक विकास की नई उड़ान :: औद्योगिक नीति एवं निवेश प्रोत्साहन विभाग के प्रमुख सचिव राघवेंद्र कुमार सिंह ने निवेशकों को बताया कि प्रदेश में 1 लाख एकड़ भूमि का विशाल लैंड बैंक उपलब्ध है और निवेशकों को 40 प्रतिशत तक की कैपिटल सब्सिडी दी जा रही है। धार में पीएम मित्र पार्क और सागर व रतलाम में मेगा इंडस्ट्रियल पार्क निवेश के सबसे आकर्षक केंद्र बनकर उभरे हैं। :: मुख्यमंत्री ने उद्योगपतियों से की वन-टू-वन चर्चा :: सत्र के दौरान मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने विभिन्न क्षेत्रों के प्रमुख उद्योगपतियों के साथ वन-टू-वन चर्चा की और उन्हें मध्यप्रदेश आने का न्यौता दिया। उन्होंने राजस्थान एंजल्स के अध्यक्ष महावीर प्रताप शर्मा, महिंद्रा लाइफ साइंसेज के हेड अनुज बिंदल और इन्सोलेशन एनर्जी के चेयरमैन मनीष गुप्ता से संवाद किया। मनीष गुप्ता ने बताया कि वे नर्मदापुरम के बाबई-मोहासा क्षेत्र में करीब 1,650 करोड़ रुपये का निवेश कर रहे हैं, जिससे 1000 लोगों को रोजगार मिलेगा। मुख्यमंत्री ने इसके अलावा व्यापार महासंघ (फेडरेशन) के अध्यक्ष सुरेश अग्रवाल, प्रताप ग्रुप के देवेंद्र सिंह शेखावत, ट्रांसपोर्ट क्षेत्र के सौरभ खंडेलवाल और अक्षय इन्फ्रासिस के अक्षय हाड़ा से भी चर्चा की। प्लास्टिक एसोसिएशन के श्रवण शर्मा, होटल व पर्यटन क्षेत्र के कैलाश खंडेलवाल और चावल उद्योग से जुड़े विज्ञान लोढ़ा से भी मुख्यमंत्री ने सीधी बात की और उन्हें बताया कि मध्यप्रदेश का बाजार और यहाँ की सुविधाएं उनके व्यापार को नई ऊंचाइयों पर ले जाएंगी। :: गौसेवा और दूध के लिए नई पहल :: मुख्यमंत्री ने बताया कि मध्यप्रदेश दूध उत्पादन में भी नंबर-1 बनना चाहता है। इसके लिए बड़ी गौशालाएं खोलने पर जमीन दी जा रही है और प्रति गाय मिलने वाला अनुदान 20 रुपये से बढ़ाकर 40 रुपये कर दिया गया है। स्कूलों में बच्चों को नि:शुल्क दूध के पैकेट भी दिए जाएंगे। इस कार्यक्रम में राजस्थान के मंत्री कन्हैयालाल चौधरी, प्रमुख सचिव राघवेंद्र कुमार सिंह और राजस्थान चैम्बर ऑफ कॉमर्स के अध्यक्ष डॉ. के.एल. जैन सहित कई दिग्गज व्यापारी शामिल हुए। अंत में लघु उद्योग भारती के सदस्यों ने मुख्यमंत्री का आत्मीय स्वागत किया। प्रकाश/21 मार्च 2026