मुंबई (ईएमएस)। डिजिटल युग में मनोरंजन की दुनिया तेजी से बदल रही है और सोशल मीडिया के बढ़ते प्रभाव ने फिल्मों व वेब शोज के कंटेंट को भी नई दिशा दी है। अब कई बड़े प्रोजेक्ट्स में ऐसे चेहरे नजर आने लगे हैं, जो पहले केवल सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स तक सीमित थे। इस बदलाव के बीच अक्सर यह सवाल उठता है कि क्या इन्फ्लुएंसर्स की बढ़ती मौजूदगी से प्रोफेशनल और प्रशिक्षित कलाकारों के अवसर कम हो जाएंगे। इसी विषय पर टीवी इंडस्ट्री के जाने-माने अभिनेता हितेन तेजवानी ने अपनी स्पष्ट राय रखी है। हितेन तेजवानी का मानना है कि इन्फ्लुएंसर्स और एक्टर्स के बीच तुलना करना सही नहीं है, क्योंकि दोनों की भूमिका और जिम्मेदारियां अलग होती हैं। उन्होंने कहा कि किसी भी किरदार को निभाने के लिए मजबूत अभिनय कौशल की आवश्यकता होती है और ऐसे में मेकर्स हमेशा उसी कलाकार को चुनते हैं, जो उस भूमिका के साथ न्याय कर सके। उनके अनुसार, एक्टिंग एक ऐसी कला है जिसे सीखने, समझने और अनुभव के साथ निखारने की जरूरत होती है, और यह हर किसी के लिए आसान नहीं होती। उन्होंने फिल्म और टीवी इंडस्ट्री के कार्य करने के तरीके पर भी प्रकाश डाला। हितेन के मुताबिक, शूटिंग के दौरान समय का काफी दबाव रहता है, इसलिए निर्माताओं को ऐसे कलाकारों की जरूरत होती है जो कम समय में बेहतरीन प्रदर्शन दे सकें। उन्होंने कहा कि खासतौर पर उन प्रोजेक्ट्स में, जिनकी कहानी गहरी और प्रभावशाली होती है, वहां अनुभवी और प्रतिभाशाली कलाकारों को ही प्राथमिकता दी जाती है, क्योंकि वे किरदार में गहराई और विश्वसनीयता ला सकते हैं। हितेन ने यह भी स्पष्ट किया कि किसी प्रोजेक्ट में काम करना या न करना कलाकार का व्यक्तिगत निर्णय होता है। हर अभिनेता अपनी पसंद, स्क्रिप्ट और भूमिका के आधार पर काम चुनता है। ऐसे में यह कहना गलत होगा कि इन्फ्लुएंसर्स पूरी तरह से एक्टर्स के अवसर छीन लेंगे। उनके अनुसार, इंडस्ट्री में सभी के लिए जगह है और हर वर्ग का अपना महत्व है। उन्होंने यह भी माना कि किसी प्रोजेक्ट में अगर कोई लोकप्रिय चेहरा जुड़ता है, तो उससे उसकी पहुंच बढ़ती है और ज्यादा दर्शकों तक पहुंचने में मदद मिलती है। हालांकि, इसके साथ ही यह भी जरूरी है कि कहानी को मजबूती देने के लिए अनुभवी और कुशल कलाकार मौजूद हों। थिएटर और एक्टिंग बैकग्राउंड से आने वाले कलाकारों की सराहना करते हुए हितेन तेजवानी ने कहा कि ऐसे कलाकार अपने अनुभव और गहरी समझ के जरिए किरदार को जीवंत बना देते हैं। उनकी मेहनत और कला कहानी को अधिक प्रभावशाली बनाती है, जो दर्शकों के दिल तक पहुंचती है। डेविड/ईएमएस 28 मार्च 2026